Namo Bharat Extra Trips: नमो भारत ट्रेन का नया शेड्यूल जारी सुबह शाम के पीक आवर्स में मिलेंगी ज्यादा ट्रेनें

Namo Bharat Extra Trips: दिल्ली से मेरठ के बीच चलने वाली नमो भारत ट्रेन के दैनिक यात्रियों के लिए 8 अतिरिक्त फेरे शुरू किए गए हैं।

0

Namo Bharat Extra Trips: दिल्ली से मेरठ के बीच चलने वाली हाईस्पीड नमो भारत ट्रेन से सफर करने वाले दैनिक यात्रियों के लिए राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र परिवहन निगम ने फेरे बढ़ाने का एक बड़ा फैसला लिया है। दिल्ली गाजियाबाद मेरठ आरआरटीएस कॉरिडोर पर यात्रियों की लगातार बढ़ती भीड़ को देखते हुए शुक्रवार से रोजाना आठ अतिरिक्त फेरे शुरू किए जा रहे हैं। इसके साथ ही इस रविवार को होने वाली यूपीएससी प्रारंभिक परीक्षा के मद्देनजर दिल्ली मेट्रो ने भी अपनी टाइमिंग बदलने का एलान किया है।

दिल्ली एनसीआर के परिवहन नेटवर्क में यह दोहरा बदलाव लाखों नौकरीपेशा लोगों, छात्रों और रविवार को परीक्षा देने जा रहे अभ्यर्थियों के लिए बड़ी राहत लेकर आया है। आनंद विहार, सराय काले खां और गाजियाबाद के कनेक्टिंग स्टेशनों पर आए दिन होने वाली यात्रियों की भारी भीड़ को नियंत्रित करने के लिए प्रशासन काफी समय से इस योजना पर काम कर रहा था। नए टाइमटेबल के लागू होने से न केवल स्टेशनों पर यात्रियों की कतारें छोटी होंगी, बल्कि दिल्ली और मेरठ के बीच रोजाना सफर करने वाले लोगों के समय में भी भारी बचत होगी। सोशल मीडिया पर भी इस नए शेड्यूल को लेकर सुबह से ही यात्रियों की काफी सकारात्मक प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं।

Namo Bharat Extra Trips: सुबह और शाम के पीक आवर्स में यात्रियों को कैसे मिलेगी इस फैसले से राहत

राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र परिवहन निगम के परिचालन विभाग से जुड़े अधिकारियों के मुताबिक, नमो भारत ट्रेनों के फेरे बढ़ाने का सीधा मकसद सुबह और शाम के उन व्यस्त घंटों में यात्रियों को राहत देना है जब लोग अपने दफ्तरों या शिक्षण संस्थानों के लिए निकलते हैं। सड़कों पर निजी वाहनों के बढ़ते दबाव और दिल्ली मेरठ एक्सप्रेसवे पर लगने वाले लंबे जाम को कम करने की दिशा में यह कदम बेहद कारगर साबित हो सकता है। नए संशोधित टाइमटेबल के तहत जो आठ अतिरिक्त फेरे बढ़ाए गए हैं, उन्हें सुबह और शाम के व्यस्त समय में बराबर-बराबर बांट दिया गया है।

सुबह के पीक ऑवर के दौरान यानी सुबह 8:00 बजे से लेकर 11:00 बजे के बीच कुल चार अतिरिक्त फेरे लगाए जाएंगे, जिससे दफ्तर जाने वाले लोगों को हर कुछ मिनट में ट्रेन उपलब्ध हो सकेगी। इसी तरह शाम को घर लौटने वाले यात्रियों की सुविधा के लिए शाम 5:00 बजे से लेकर 7:00 बजे के व्यस्त समय में भी चार अतिरिक्त फेरे चलाने का निर्णय लिया गया है। यह सभी अतिरिक्त ट्रेनें दिल्ली के सराय काले खां स्टेशन से खुलकर मेरठ साउथ नमो भारत स्टेशन के बीच की दूरी तय करेंगी। इस पूरे कॉरिडोर पर यात्रियों को कम से कम समय में ट्रेन मिल सके, इसके लिए बेड़े में दो बिल्कुल नई ट्रेनों को भी शामिल कर लिया गया है।

यूपीएससी परीक्षा के लिए दिल्ली मेट्रो ने अपनी टाइमिंग में क्या बदलाव किया है

सार्वजनिक परिवहन के मोर्चे पर दूसरा सबसे बड़ा अपडेट दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन की तरफ से आया है जो सीधे तौर पर देश की सबसे प्रतिष्ठित सिविल सेवा परीक्षा से जुड़ा हुआ है। आगामी 24 मई यानी रविवार को होने वाली संघ लोक सेवा आयोग की सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा को ध्यान में रखते हुए दिल्ली मेट्रो ने अपने संडे परिचालन समय में एक महत्वपूर्ण बदलाव किया है। आम दिनों में जहां रविवार को मेट्रो सेवाएं कुछ लाइनों पर सुबह 8:00 बजे के बाद शुरू होती थीं, वहीं इस विशेष रविवार को दिल्ली मेट्रो के सभी कॉरिडोर पर सुबह 6:00 बजे से ही ट्रेनों का परिचालन शुरू हो जाएगा।

मेट्रो प्रशासन के इस फैसले से दिल्ली और एनसीआर के विभिन्न कोनों में रहने वाले हजारों परीक्षार्थियों को अपने परीक्षा केंद्रों तक बिना किसी मानसिक तनाव के समय पर पहुंचने में मदद मिलेगी। दिल्ली मेट्रो के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि सुबह 6:00 बजे से सेवा शुरू करने के साथ ही सभी लाइनों पर अतिरिक्त ट्रेनें भी स्टैंडबाय पर रखी जाएंगी ताकि किसी भी स्टेशन पर अभ्यर्थियों की भीड़ जमा न हो सके। परीक्षा केंद्रों के आसपास के प्रमुख स्टेशनों, जैसे राजीव चौक, केंद्रीय सचिवालय, और यूनिवर्सिटी स्टेशनों पर अतिरिक्त सुरक्षाकर्मी और गाइड भी तैनात किए जाएंगे ताकि छात्रों को निकासी में कोई असुविधा न हो।

दिल्ली मेरठ कॉरिडोर पर नमो भारत ट्रेन के फेरे बढ़ाने की क्यों पड़ी जरूरत

इस हाईस्पीड रेल कॉरिडोर की शुरुआत के बाद से ही गाजियाबाद, साहिबाबाद, मोदीनगर और मेरठ के इलाकों से दिल्ली आने-जाने वाले यात्रियों की संख्या में अप्रत्याशित वृद्धि दर्ज की गई है। कम समय और आरामदायक सफर के कारण लोगों ने बसों और अपनी निजी कारों को छोड़कर नमो भारत ट्रेन को प्राथमिकता देना शुरू कर दिया है। पिछले कुछ हफ्तों के डेटा का विश्लेषण करने के बाद परिवहन निगम के विश्लेषकों ने पाया कि सुबह और शाम के समय ट्रेनों के अंदर पैर रखने तक की जगह नहीं मिल रही थी, जिसके बाद बेड़े को अपग्रेड करने का दबाव लगातार बढ़ रहा था।

मेरठ और गाजियाबाद के रिहायशी इलाकों से दिल्ली के सराय काले खां आकर वहां से दिल्ली मेट्रो या भारतीय रेलवे की ट्रेन पकड़ने वाले यात्रियों की संख्या सबसे ज्यादा है। नमो भारत के फेरे बढ़ने से अब यात्रियों को गाजियाबाद या साहिबाबाद जैसे बड़े जंक्शनों पर अगली ट्रेन के लिए लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा। इसके अलावा दो नई ट्रेनों के आने से पूरे रूट पर ट्रेनों की फ्रीक्वेंसी भी सुधर जाएगी, जिससे यात्रियों का कुल यात्रा समय और कम हो जाएगा।

Namo Bharat Extra Trips: इस बड़े फैसले का दिल्ली एनसीआर के पर्यावरण और ट्रैफिक पर क्या होगा असर

शहरी विकास और परिवहन मामलों के विशेषज्ञों का मानना है कि जब भी किसी बड़े महानगरीय क्षेत्र में रैपिड रेल या मेट्रो जैसे पब्लिक ट्रांसपोर्ट को मजबूत किया जाता है, तो उसका सीधा और सकारात्मक असर सड़कों पर दिखाई देता है। दिल्ली-मेरठ रूट पर रोजाना हजारों की संख्या में लोग अपनी कारों या बाइकों से सफर करते हैं, जिससे न केवल ईंधन की भारी बर्बादी होती है बल्कि गाजियाबाद और दिल्ली की सीमाओं पर भयंकर प्रदूषण और जाम की स्थिति बनी रहती है।

नमो भारत की इस नई समय सारणी के लागू होने के बाद उम्मीद जताई जा रही है कि एक बड़ा वर्ग अब निजी वाहनों को छोड़कर इस हाईस्पीड ट्रेन का रुख करेगा। इससे दिल्ली मेरठ एक्सप्रेसवे पर पीक आवर्स के दौरान लगने वाले ट्रैफिक जाम से आम जनता को बड़ी मुक्ति मिलेगी। इसके साथ ही वाहनों से निकलने वाले धुएं में कमी आने के कारण राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र की हवा की गुणवत्ता में भी सुधार होने की संभावना जताई जा रही है, जो इस पूरे क्षेत्र के स्वास्थ्य के लिए एक बेहद जरूरी कदम है।

Namo Bharat Extra Trips: आगामी महीनों में दिल्ली मेरठ आरआरटीएस कॉरिडोर पर आगे क्या होने वाला है

परिवहन निगम के सूत्रों के मुताबिक, ट्रेनों के फेरे बढ़ाना और नए बेड़े शामिल करना इस पूरे प्रोजेक्ट के विस्तार की एक निरंतर प्रक्रिया का हिस्सा है। आने वाले महीनों में जब इस कॉरिडोर के कुछ और हिस्सों को आम जनता के लिए खोला जाएगा, तब ट्रेनों की संख्या और उनके फेरों में एक बार फिर बढ़ोतरी की जा सकती है। प्रशासन का मुख्य लक्ष्य यह है कि दिल्ली से मेरठ के बीच की दूरी को इस तरह से समेट दिया जाए कि लोगों को यह सफर अपने ही शहर के एक कोने से दूसरे कोने में जाने जैसा महसूस हो।

रविवार को होने वाली यूपीएससी परीक्षा के सफल संचालन के बाद दिल्ली मेट्रो और एनसीआरटीसी दोनों ही निकाय मिलकर आगामी त्योहारों और मानूसन के सीजन को ध्यान में रखते हुए एक साझा कूटनीतिक प्लान तैयार करने जा रहे हैं। इसमें स्टेशनों के बाहर लास्ट माइल कनेक्टिविटी को सुधारने, यानी ई-रिक्शा और फीडर बसों की संख्या बढ़ाने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा ताकि नमो भारत या मेट्रो से उतरने के बाद यात्रियों को अपने अंतिम गंतव्य तक जाने में कोई परेशानी न उठानी पड़े।

Read More Here:- 

आपको यह भी पसंद आ सकता है
Leave A Reply

Your email address will not be published.