Laser Mosquito Killer: हवा में उड़ते मच्छरों को लेजर से भून देगी चीनी मशीन, AI और रडार तकनीक से लैस ‘फोटोन मैट्रिक्स’ का प्री-ऑर्डर शुरू, जानें कीमत और खूबियां

AI, LiDAR और रडार से मच्छरों को ट्रैक कर लेजर से निशाना, प्री-ऑर्डर शुरू

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Laser Mosquito Killer: मच्छरों से छुटकारा पाने के लिए अब तक इस्तेमाल होने वाले पारंपरिक कॉइल्स, केमिकल स्प्रे, इलेक्ट्रिक रैकेट्स या मच्छरदानी जैसे तरीके अब जल्द ही बीते दिनों की बात बन सकते हैं। चीन की तकनीकी कंपनी फोटोन मैट्रिक्स (Photon Matrix) ने एक ऐसा अत्याधुनिक और भविष्यवादी गैजेट पेश किया है, जो किसी साइंस-फिक्शन फिल्म के लेजर डिफेंस सिस्टम की तरह काम करता है। यह पोर्टेबल डिवाइस हवा में उड़ रहे मच्छरों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), लीडार (LiDAR) और मिलीमीटर-वेव रडार की मदद से ट्रैक करके सटीक लेजर बीम से उन्हें हवा में ही मार गिराता है।

कंपनी का दावा है कि यह सिस्टम एक सेकंड में 30 मच्छरों और महज एक मिनट में 1,800 तक मच्छरों को पूरी तरह नष्ट करने में सक्षम है। अगस्त 2026 में इसके बड़े पैमाने पर वाणिज्यिक उत्पादन (Mass Production) की शुरुआत के बाद अब कंपनी ने अपनी आधिकारिक वैश्विक वेबसाइट पर इसके प्री-ऑर्डर लेना शुरू कर दिया है।

Laser Mosquito Killer: मिलीसेकंड्स में ट्रैकिंग और सटीक वार, कैसे काम करती है यह लेजर टेक्नोलॉजी?

फोटोन मैट्रिक्स का मुख्य आधार इसका मल्टी-सेंसर डिटेक्शन सिस्टम है। इसमें उच्च-सटीकता वाला लीडार, मिलीमीटर-वेव रडार और एआई-संचालित हाई-स्पीड ऑप्टिकल विजन कैमरे लगाए गए हैं। यह डिवाइस अपने चारों ओर 90 डिग्री के दायरे में और लगभग 6 मीटर (करीब 20 फीट) की दूरी तक पूरे वातावरण को रियल-टाइम में लगातार स्कैन करता रहता है।

जैसे ही कोई उड़ने वाला कीट इसके कवरेज जोन में आता है, इसका एआई एल्गोरिदम कीट के पंखों की गति, आकार (2 मिमी से 20 मिमी तक) और उसकी उड़ान की दिशा का तुरंत विश्लेषण करता है। यह सिस्टम 1 मीटर प्रति सेकंड की गति से उड़ने वाले मच्छरों को भी आसानी से लॉक कर लेता है। कीट के मच्छर होने की पुष्टि होते ही इंटरनल मिरर सिस्टम लेजर बीम को सीधे उस पर केंद्रित कर देता है। यह संपूर्ण प्रक्रिया महज कुछ मिलीसेकंड्स में संपन्न हो जाती है और मच्छर हवा में ही जलकर नीचे गिर जाता है।

इन्फ्रारेड और ब्लू लेजर: दो अलग-अलग मॉडल्स और उनके उपयोग

कंपनी ने विभिन्न घरेलू और बाहरी आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए इस गैजेट को दो अलग-अलग वेरिएंट्स में तैयार किया है।

पहला मॉडल इन्फ्रारेड (Infrared) वर्जन है, जिसमें 976 नैनोमीटर वेवलेंथ की अदृश्य इंफ्रारेड लाइट का उपयोग किया गया है। चूंकि इसमें लेजर की किरणें आंखों को दिखाई नहीं देतीं, इसलिए इसे बेडरूम, लिविंग रूम, अस्पतालों और बंद कमरों के लिए सबसे उपयुक्त और आरामदायक माना गया है।

दूसरा मॉडल ब्लू लेजर (Blue Laser) वर्जन है, जो 450 नैनोमीटर की नीली रोशनी वाली दृश्य लेजर बीम का इस्तेमाल करता है। यह बीम अधिक शक्तिशाली है और इसे खुले बगीचों, फार्महाउस, बालकनी, रूफटॉप या कैंपिंग जैसे बाहरी परिवेश के लिए विशेष रूप से डिजाइन किया गया है।

दोनों ही मॉडल पूरी तरह से साइलेंट ऑपरेशन पर काम करते हैं और इनमें किसी भी प्रकार के हानिकारक कीटनाशक या जहरीले रसायन का उपयोग नहीं होता है। इसके साथ ही, इन्हें साधारण पावर बैंक (Type-C इनपुट) से भी चलाया जा सकता है, जिससे इन्हें कहीं भी ले जाना बेहद आसान हो जाता है।

कीमत और डिलीवरी: प्रीमियम सेगमेंट में ₹1 लाख के पार पहुंचे दाम

यह अत्याधुनिक तकनीक किसी भी सामान्य घरेलू गैजेट के मुकाबले काफी महंगी है। कंपनी की आधिकारिक वेबसाइट पर लिस्टेड कीमतों के अनुसार इन्फ्रारेड मॉडल का मूल्य 988 अमेरिकी डॉलर रखा गया है। वहीं अधिक क्षमता वाले ब्लू लेजर मॉडल की कीमत 1,088 अमेरिकी डॉलर तय की गई है।

भारतीय मुद्रा में ब्लू लेजर मॉडल का भाव लगभग 1,03,000 रुपये बैठता है, जिसमें अंतरराष्ट्रीय शिपिंग, स्थानीय टैक्स और कस्टम ड्यूटी शामिल होने पर अंतिम लागत और बढ़ सकती है। आधिकारिक स्टोर पर प्री-ऑर्डर बुकिंग शुरू हो चुकी है। कंपनी के अनुसार, भुगतान की पुष्टि के बाद उत्पादों का पहला बैच 120 कैलेंडर दिनों के भीतर ग्राहकों तक डिस्पैच किया जाएगा।

सुरक्षा और वास्तविक उपयोग पर तकनीकी विशेषज्ञों की राय

डिवाइस में इस्तेमाल होने वाली लेजर तकनीक को लेकर आम उपभोक्ताओं के मन में सुरक्षा से जुड़े सवाल भी उठ रहे हैं। कंपनी का दावा है कि इसकी लेजर पल्स इतनी सूक्ष्म और केंद्रित होती है कि यह केवल कीटों के जैविक ऊतकों को नुकसान पहुंचाती है, जबकि घर में मौजूद इंसानों, छोटे बच्चों और पालतू जानवरों के लिए यह पूरी तरह सुरक्षित है।

हालांकि, स्वतंत्र प्रयोगशालाओं द्वारा इसकी सुरक्षा और प्रभावशीलता की पुष्टि होना अभी बाकी है। विशेषज्ञों का यह भी मानना है कि 1,800 मच्छर प्रति मिनट की क्षमता एक सैद्धांतिक आंकड़ा है। वास्तविक घरों में दीवारें, पर्दे, फर्नीचर और पौधे लेजर बीम या रडार के रास्ते में रुकावट बन सकते हैं। इसलिए डिवाइस को सही कोण और खुली जगह पर स्थापित करना इसकी कार्यप्रणाली के लिए सबसे महत्वपूर्ण होगा।

Laser Mosquito Killer: केमिकल मुक्त भविष्य और भारतीय बाजार में संभावनाएं

डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया जैसी मच्छर जनित बीमारियों से जूझने वाले भारत और दक्षिण पूर्व एशिया के देशों में ऐसे केमिकल-फ्री सॉल्यूशंस के लिए एक बड़ा बाजार मौजूद है। पारंपरिक मॉस्किटो रिपेलेंट्स से निकलने वाला धुआं और केमिकल्स सांस के मरीजों और बच्चों के लिए हानिकारक साबित होते हैं।

यदि यह लेजर तकनीक जमीनी परीक्षणों में सफल रहती है, तो आने वाले समय में लक्जरी होटल्स, रिजॉर्ट्स, अस्पतालों और बड़े फार्महाउसों में इसका व्यापक उपयोग देखा जा सकता है। फिलहाल ऊंची लागत के चलते यह उत्पाद मुख्य रूप से तकनीकी उत्साही लोगों और प्रीमियम वर्ग तक सीमित रहेगा, लेकिन भविष्य में बड़े पैमाने पर उत्पादन होने से इसकी कीमतें नीचे आने की उम्मीद की जा सकती है।

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