Aaj Ka Mausam 28 July 2026: दिल्ली-एनसीआर समेत कई राज्यों में गरज-चमक के साथ बारिश का अलर्ट, मानसून सक्रिय
दिल्ली-एनसीआर, यूपी, बिहार समेत कई राज्यों में सक्रिय मानसून, भारी बारिश की संभावना
Aaj Ka Mausam 28 July 2026: मंगलवार 28 जुलाई 2026 को देशभर में दक्षिण-पश्चिम मानसून पूरी तरह से सक्रिय रहेगा। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के नवीनतम आकलन के अनुसार, बंगाल की खाड़ी में बने गहरे डिप्रेशन सिस्टम और पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के संयुक्त प्रभाव से देश के अधिकांश राज्यों में मौसम का मिजाज बदला हुआ रहेगा। कई राज्यों में हल्की से मध्यम और कुछ क्षेत्रों में भारी से अत्यधिक भारी बारिश होने की संभावना जताई गई है। बारिश के साथ-साथ तेज आंधी-तूफान और गरज-चमक के साथ बिजली (वज्रपात) गिरने का खतरा बना रहेगा। दिल्ली-एनसीआर में बारिश और तापमान में गिरावट से लोगों को भीषण उमस से बड़ी राहत मिलेगी, जबकि पूर्वी और मध्य भारत के कई हिस्सों में प्रशासन ने भारी वर्षा को लेकर अलर्ट जारी किया है।
दिल्ली-एनसीआर में मौसम का मिजाज
राजधानी दिल्ली और उससे सटे एनसीआर क्षेत्रों जैसे नोएडा, गुरुग्राम, गाजियाबाद और फरीदाबाद में 28 जुलाई को दिनभर आसमान में घने बादल छाए रहेंगे। सुबह से दोपहर के बीच हल्की से मध्यम बारिश के एक या दो दौर होने के प्रबल आसार हैं। बारिश के दौरान गरज-चमक के साथ 20 से 30 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं, जिनकी गति कुछ इलाकों में और भी बढ़ सकती है। दिल्ली-एनसीआर में अधिकतम तापमान 32 से 34 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 23 से 25 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है। तापमान में गिरावट आने से लोगों को पिछले कुछ दिनों से जारी उमस भरी गर्मी से काफी राहत मिलेगी। हालांकि, बारिश के चलते निचले इलाकों में जलभराव और सड़कों पर यातायात प्रभावित होने की संभावना है, इसलिए यात्रियों और वाहन चालकों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
उत्तर प्रदेश और उत्तर भारत का मौसम
उत्तर प्रदेश में मानसून की सक्रियता से व्यापक स्तर पर वर्षा दर्ज की जाएगी। पश्चिमी उत्तर प्रदेश के मेरठ, आगरा, अलीगढ़ जैसे जिलों में मध्यम से भारी बारिश संभव है, जबकि पूर्वी उत्तर प्रदेश के जिलों में भी अच्छी बौछारें पड़ने के संकेत हैं। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में अधिकतम तापमान 34 डिग्री और न्यूनतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है। वाराणसी, कानपुर, प्रयागराज और अयोध्या जैसे प्रमुख शहरों में भी बादल छाए रहेंगे और कई स्पेल में बारिश होगी। पंजाब, हरियाणा और राजस्थान के कई इलाकों में भी गरज-चमक के साथ मानसूनी बारिश का अनुमान है। वहीं, पहाड़ी राज्यों जैसे हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर में भारी से बहुत भारी बारिश के चलते भूस्खलन और फ्लैश फ्लड का खतरा बना हुआ है। मौसम विभाग ने इन क्षेत्रों के निवासियों और पर्यटकों को संवेदनशील पहाड़ी रास्तों पर यात्रा न करने की सख्त सलाह दी है।
पूर्वी और मध्य भारत में भारी बारिश का अलर्ट
बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल और ओडिशा में बंगाल की खाड़ी के सिस्टम का सबसे ज्यादा असर देखने को मिलेगा। इन राज्यों के कई जिलों में भारी से बहुत भारी वर्षा का अलर्ट जारी किया गया है। बिहार की राजधानी पटना और आसपास के इलाकों में तेज हवाओं के साथ मूसलाधार बौछारें पड़ सकती हैं। छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश के पूर्वी व मध्य जिलों में भी व्यापक बारिश के आसार हैं। पूर्वी और मध्य भारत में बारिश के दौरान हवा की रफ्तार 70 से 85 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुँच सकती है, जिससे कच्चे मकानों, पेड़ों और बिजली के खंभों को नुकसान पहुँचने की आशंका है। नदियों के बढ़ते जलस्तर और निचले इलाकों में बाढ़ जैसी स्थिति से निपटने के लिए स्थानीय प्रशासन को मुस्तैद रहने के निर्देश दिए गए हैं। किसानों को भी अपनी तैयार फसलों में जल निकासी की उचित व्यवस्था करने की सलाह दी गई है।
पश्चिमी और दक्षिणी भारत का मौसम
महाराष्ट्र, गुजरात और कोंकण-गोवा क्षेत्र में मानसून पूरी मजबूती के साथ बना रहेगा। मुंबई और उसके तटीय इलाकों में रुक-रुक कर मध्यम से भारी बारिश जारी रहने का अनुमान है। समुद्र में ऊंची लहरें उठने की आशंका को देखते हुए मछुआरों को गहरे समुद्र में न जाने की चेतावनी जारी की गई है। मध्य महाराष्ट्र और विदर्भ के क्षेत्रों में भी गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ेंगी। दक्षिण भारत की बात करें तो तटीय और आंतरिक कर्नाटक में अच्छी मानसूनी बारिश दर्ज की जाएगी। तमिलनाडु, तेलंगाना और आंध्र प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में मौसम अपेक्षाकृत शुष्क या आंशिक रूप से बादलों वाला रहेगा, हालांकि कुछ स्थानों पर हल्की वर्षा हो सकती है। चेन्नई में अधिकतम तापमान सामान्य से थोड़ा अधिक बना रह सकता है।
देश के प्रमुख शहरों का संभावित तापमान और मौसम
देश के विभिन्न महानगरों और प्रमुख शहरों में तापमान और मौसमी गतिविधियां भिन्न रहेंगी। दिल्ली में अधिकतम तापमान 32 से 34 डिग्री और न्यूनतम 23 से 25 डिग्री सेल्सियस के बीच रहेगा जहाँ बादल छाए रहने के साथ मध्यम बारिश होगी। मुंबई में अधिकतम 29 डिग्री और न्यूनतम 28 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है और यहाँ रुक-रुक कर बारिश का सिलसिला जारी रहेगा। कोलकाता में भारी बारिश और तेज हवाओं के बीच तापमान 29 डिग्री अधिकतम और 27 डिग्री न्यूनतम रहने की संभावना है। लखनऊ में अधिकतम तापमान 34 डिग्री और न्यूनतम 28 डिग्री सेल्सियस रहेगा जहाँ बौछारें पड़ने के आसार हैं। जयपुर में 32 डिग्री अधिकतम और 26 डिग्री न्यूनतम तापमान के साथ हल्की से मध्यम बारिश होगी, जबकि भोपाल में अधिकतम तापमान 28 डिग्री और न्यूनतम 24 डिग्री सेल्सियस रहेगा। शिमला और नैनीताल जैसे पहाड़ी शहरों में तापमान 20 से 24 डिग्री के बीच बना रहेगा जहाँ भारी वर्षा की संभावना अधिक है।
बारिश और तूफान से जुड़े प्रभाव
भारी बारिश और आंधी के कारण शहरी क्षेत्रों में सड़कों पर जलभराव, यातायात में रुकावट और उड़ानों या ट्रेनों के समय में देरी होने की पूरी आशंका है। जहां एक ओर उत्तर और मध्य भारत में तापमान गिरने से मौसम खुशनुमा होगा, वहीं दूसरी ओर तेज हवाओं और बिजली चमकने से खुले इलाकों में नुकसान हो सकता है। कृषि के लिहाज से यह बारिश धान और अन्य खरीफ फसलों के लिए वरदान साबित होगी, बशर्ते खेतों में अत्यधिक पानी का ठहराव न हो।
सुरक्षा और जरूरी सावधानियां
मानसून (Aaj Ka Mausam 28 July 2026) के इस उग्र रूप को देखते हुए जनसामान्य के लिए कुछ जरूरी सावधानियां बरतना आवश्यक है। यात्रा सुरक्षा के तौर पर घर से बाहर निकलते समय छाता या रेनकोट साथ रखें और जलभराव वाले रास्तों से दूर रहें। वज्रपात से बचाव के लिए गरज-चमक या बिजली कड़कने के समय खुले मैदान, बड़े पेड़ों या बिजली के खंभों के नीचे शरण बिल्कुल न लें। वाहन चालकों को बारिश के दौरान कम दृश्यता और फिसलन भरी सड़कों के कारण वाहनों की गति धीमी रखनी चाहिए। इसके अलावा, बिजली गिरने की स्थिति में घर के भारी इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों को अनप्लग कर देना चाहिए और दुर्घटना से बचने के लिए टूटे हुए बिजली के तारों से सुरक्षित दूरी बनाए रखनी चाहिए।
Aaj Ka Mausam 28 July 2026: आने वाले दिनों का पूर्वानुमान
28 जुलाई के बाद भी अगले दो से तीन दिनों तक उत्तर, मध्य और पूर्वी भारत में मानसून की यह सक्रियता बनी रहने की संभावना है। उत्तर-पश्चिम भारत में तापमान में और कमी आएगी, जिससे मौसम सुहावना बना रहेगा। मौसम विभाग के अनुसार, अगस्त के शुरुआती दिनों तक देश के अधिकांश हिस्सों में मानसून का यह दौर जारी रह सकता है।
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