DRI Action: 845 किलो से ज्यादा ड्रग्स जब्त, 15 गिरफ्तार, चावल की भूसी से लेकर बेबी पाउडर में छिपा था नशा

बोधगया में चावल की भूसी से 752.3 किलो गांजा, एयरपोर्ट पर कोकीन और एम्फेटामाइन बरामद

0

DRI Action: मादक पदार्थों की अंतरराज्यीय और सीमा पार तस्करी के विरुद्ध चलाए जा रहे ‘नशामुक्त भारत अभियान’ के तहत डायरेक्टोरेट ऑफ रेवेन्यू इंटेलिजेंस (DRI) ने एक बहुत बड़ी सफलता हासिल की है। एजेंसी ने सितंबर 2026 के दौरान देश के आठ राज्यों में समानांतर खुफिया अभियानों का संचालन करते हुए 845 किलोग्राम से अधिक उच्च-तीव्रता वाले नशीले पदार्थ जब्त किए हैं। इस विशालकाय कार्रवाई के दौरान तस्करी सिंडिकेट से जुड़े 15 शातिर तस्करों को स्वापक औषधि और मनःप्रभावी पदार्थ अधिनियम (NDPS Act, 1985) के कड़े विधिक प्रावधानों के तहत गिरफ्तार किया गया है।

केंद्रीय वित्त मंत्रालय द्वारा जारी आधिकारिक वक्तव्य के अनुसार, यह समन्वित अभियान संगठित आपराधिक गिरोहों के वित्तीय तंत्र को ध्वस्त करने और तस्करी के नए तौर-तरीकों का पर्दाफाश करने के उद्देश्य से संचालित किया गया था। जब्त की गई खेप में भारी मात्रा में व्यावसायिक गांजा, नेपाल से तस्करी कर लाई गई चरस, अंतरराष्ट्रीय बाजार की बेहद महंगी कोकीन और सिंथेटिक ड्रग एम्फेटामाइन शामिल हैं। इन कार्यवाहियों से स्पष्ट हुआ है कि जांच एजेंसियों से बचने के लिए तस्कर अब रोजमर्रा के उपयोग की वस्तुओं—जैसे चावल की भूसी, बेबी पाउडर की बोतलों, घुटनों के नी-कैप और पारंपरिक कपड़ों—का सहारा ले रहे हैं।

DRI Action: चावल की भूसी के नीचे दबा मिला 752 किलो गांजा

अभियान की सबसे बड़ी बरामदगी बिहार के ऐतिहासिक बोधगया क्षेत्र में दर्ज की गई। 17 सितंबर 2026 को डीआरआई की पटना क्षेत्रीय इकाई को गोपनीय आसूचना प्राप्त हुई थी कि एक बड़े कंटेनर ट्रक में औद्योगिक माल की आड़ में नशीले पदार्थों की विशाल खेप बिहार के रास्ते अन्य राज्यों में भेजी जा रही है। अधिकारियों ने जाल बिछाते हुए जिंदापुर टोल प्लाजा के निकट संदिग्ध वाहन को रोका।

ट्रक की सघन भौतिक तलाशी के दौरान अधिकारियों ने पाया कि वाहन में ऊपर से नीचे तक चावल की भूसी की बोरियां लदी हुई थीं ताकि गंध और आकार छिप सके। भूसी की बोरियों को हटाने पर नीचे विशेष रूप से बनाए गए गुप्त कक्षों से 737 सीलबंद पैकेट बरामद किए गए, जिनमें कुल 752.3 किलोग्राम उच्च श्रेणी का गांजा भरा हुआ था। मौके पर ही ट्रक चालक को हिरासत में लेते हुए पूरे वाहन, चावल की भूसी और करोड़ों रुपये मूल्य के गांजे को एनडीपीएस अधिनियम के तहत सीज कर लिया गया। प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि यह खेप पूर्वोत्तर व ओडिशा की सीमाओं से उठाकर उत्तर भारत के बड़े महानगरों में खपाने की पूर्व-नियोजित साजिश थी।

नेपाल सीमा से तस्करी का भंडाफोड़: गोरखपुर स्टेशन पर नी-कैप में बंधी मिली 6 किलो चरस

अंतरराष्ट्रीय सीमा पार तस्करी पर अंकुश लगाने की कड़ी में 20 सितंबर 2026 को उत्तर प्रदेश के गोरखपुर रेलवे स्टेशन पर एक अत्यंत संवेदनशील कार्रवाई को अंजाम दिया गया। डीआरआई को विशिष्ट सूचना मिली थी कि खुली सीमा का लाभ उठाकर नेपाल से भारत में चरस की खेप पहुंचाई गई है और उसे ट्रेन के माध्यम से आगे भेजा जा रहा है।

अधिकारियों ने गोरखपुर स्टेशन पर जननायक एक्सप्रेस की निगरानी की और संदेह के आधार पर दो महिला यात्रियों को रोका। महिला अधिकारियों द्वारा ली गई व्यक्तिगत तलाशी में पाया गया कि दोनों महिलाओं ने अपने घुटनों पर पहने गए ‘नी-कैप’ के भीतर और साड़ियों के भीतरी अस्तर में लगभग छह किलोग्राम परिष्कृत चरस अत्यंत सफाई से बांध रखी थी। दोनों आरोपी महिलाओं को तत्काल प्रभाव से गिरफ्तार कर लिया गया। यह मामला दर्शाता है कि सीमा पार के सिंडिकेट अब सुरक्षा बलों की नजरों से बचने के लिए महिलाओं को कैरियर के रूप में इस्तेमाल कर रहे हैं।

ओडिशा के जंगलों में संयुक्त रेड: मेंट्री गांव से 48.5 किलो गांजा और वाहन जब्त

ओडिशा के बीहड़ और वनाच्छादित क्षेत्रों से होने वाले अवैध नशा कारोबार पर प्रहार करते हुए डीआरआई ने 11 सितंबर 2026 को स्थानीय घड़ियाबंद वन प्रभाग के साथ एक संयुक्त तलाशी अभियान चलाया। सटीक सूचना के आधार पर मेंट्री गांव के निकट नाकाबंदी कर एक दोपहिया वाहन पर सवार दो व्यक्तियों को रोका गया।

तलाशी लेने पर उनके स्कूटर पर बंधी तीन बोरियों के भीतर से 25 पैकेटों में भरा कुल 48.5 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ। डीआरआई ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दोनों तस्करों को दबोच लिया तथा गांजा परिवहन में प्रयुक्त स्कूटर को जब्त कर लिया। इस त्वरित कार्रवाई ने दक्षिणी ओडिशा के जंगलों से संचालित होने वाले स्थानीय सप्लायर नेटवर्क की कड़ियों को उजागर किया है।

मुंबई और बेंगलुरु एयरपोर्ट पर अंतरराष्ट्रीय सिंडिकेट पर चोट: 28 किलो हाइड्रोपोनिक कैनाबिस बरामद

हवाई मार्गों के जरिए विदेशी मूल के उन्नत नशीले पदार्थों की भारत में बढ़ती आमद को विफल करने के लिए डीआरआई ने मुंबई के छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे और बेंगलुरु के केंपेगौड़ा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर कस्टम्स एयर इंटेलिजेंस यूनिट के साथ साझा अभियान चलाया। बैंकॉक (थाईलैंड) और हनोई (वियतनाम) से आने वाली उड़ानों के चार संदिग्ध यात्रियों को चिन्हित कर रोका गया।

इन यात्रियों के बैगेज की गहन स्कैनिंग में 28 किलोग्राम अत्यधिक महंगी ‘हाइड्रोपोनिक वीड’ (हाई-ग्रेड विदेशी कैनाबिस) बरामद हुई। नियंत्रित प्रयोगशालाओं में उगाई जाने वाली यह ड्रग घरेलू गांजे की तुलना में कई गुना अधिक नशीली और अंतरराष्ट्रीय बाजार में अत्यंत मूल्यवान मानी जाती है। चारों विदेशी कैरियर यात्रियों को एनडीपीएस कानून के तहत मौके पर ही गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।

दिल्ली आईजीआई एयरपोर्ट पर विदेशी कोकीन सिंडिकेट ध्वस्त: 5.8 किलो शुद्ध कोकीन जब्त

राजधानी के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर 15 सितंबर 2026 को पश्चिमी एशियाई रूट से आ रही एक बड़ी खेप को पकड़ा गया। दुबई से दोहा होते हुए नई दिल्ली पहुंचे एक भारतीय नागरिक के संदिग्ध आचरण पर नजर रखते हुए डीआरआई की विशेष टीम ने उसे ग्रीन चैनल पार करते समय रोका।

यात्री के चेक-इन ट्रॉली बैग की विस्तृत तकनीकी जांच करने पर बैग की तली और किनारों में विशेष फॉल्स कैविटी (छिपे हुए खाने) पाए गए। इन खानों से नौ सीलबंद पैकेट निकाले गए, जिनमें 5.8 किलोग्राम बारीक सफेद पाउडर भरा था। ऑन-द-स्पॉट फील्ड नारकोटिक्स टेस्ट किट से परीक्षण करने पर उस पाउडर के उच्च-गुणवत्ता वाली कोकीन होने की पुष्टि हुई। इस मामले में यात्री को तत्काल गिरफ्तार कर पश्चिमी एशिया से जुड़े अंतरराष्ट्रीय वित्तीय संपर्कों की कड़ियां तलाशी जा रही हैं।

सिंथेटिक ड्रग्स के खिलाफ स्ट्राइक: बेबी पाउडर की बोतलों और कपड़ों से 4.5 किलो एम्फेटामाइन बरामद

डीआरआई ने क्लब ड्रग्स और सिंथेटिक उत्तेजक पदार्थों के खिलाफ तीन राज्यों में समन्वित कार्रवाई करते हुए लगभग 4.5 किलोग्राम एम्फेटामाइन-टाइप स्टिमुलेंट्स (ATS / MDMA) जब्त किए और पांच प्रमुख सप्लायर्स को सलाखों के पीछे पहुंचाया।

इस कड़ी में 16 सितंबर को मुंबई सेंट्रल पर दिल्ली से आई एक महिला यात्री को रोका गया, जिसके हैंडबैग में ब्रांडेड बेबी पाउडर की बोतलें रखी थीं। सील खोलकर जांच करने पर उन बोतलों के भीतर पाउडर के स्थान पर 493 ग्राम एम्फेटामाइन और एक्स्टसी की गोलियां भरी पाई गईं।

इससे पूर्व 9 सितंबर को केरल के कालीकट अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर एक यात्री के सामान से 1.9 किलोग्राम एम्फेटामाइन बरामद किया गया था। इस मामले में आगे की कड़ियां जोड़ते हुए डीआरआई ने मुख्य हैंडलर और कंसाइनमेंट रिसीवर को भी दबोचा, जिनके ठिकानों से अतिरिक्त 17 ग्राम ड्रग और 3.45 लाख रुपये की नकद ड्रग-मनी बरामद हुई। उसी दिन मध्य प्रदेश के इंदौर में अंतरराज्यीय बस टर्मिनल पर दिल्ली से बस द्वारा पहुंचे एक यात्री के बैग की जांच की गई, जहां सलवार-सूट के थानों के बीच सिली हुई दो किलोग्राम शुद्ध एम्फेटामाइन की खेप बरामद कर आरोपी को गिरफ्तार किया गया।

खुफिया तंत्र का प्रभाव और संगठित नेटवर्क की कमर तोड़ने की रणनीति

डीआरआई के वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार, एक ही पखवाड़े में देश के आठ अलग-अलग राज्यों में की गई यह बहुआयामी छापेमारी इस तथ्य को पुष्ट करती है कि नार्को-तस्कर अब पारंपरिक सीमाओं से निकलकर पूरे देश में एक अंतर-जुड़ा हुआ नेटवर्क चला रहे हैं। जब्त किए गए नशीले पदार्थों की कुल कीमत अंतरराष्ट्रीय खुले बाजार में कई सौ करोड़ रुपये आंकी गई है।

यदि यह खेप बाजार में पहुंच जाती, तो यह न केवल देश के हजारों युवाओं को नशे के गर्त में धकेलती, बल्कि इससे अर्जित अवैध मुनाफा हवाला और राष्ट्रविरोधी गतिविधियों के वित्तपोषण में प्रयुक्त होता। एजेंसी ने स्पष्ट किया है कि समुद्री बंदरगाहों, हवाई अड्डों, लैंड कस्टम स्टेशनों और रेल मार्गों पर डेटा एनालिटिक्स व तकनीकी निगरानी को और अधिक सख्त किया जा रहा है ताकि आपूर्ति श्रृंखला के मूल स्रोतों (किंगपिन्स) तक पहुंचा जा सके।

DRI Action: निष्कर्ष

सितंबर 2026 के इस अखिल भारतीय अभियान में 845 किलोग्राम से अधिक मादक पदार्थों की जब्ती और 15 शातिर तस्करों की गिरफ्तारी देश के राजस्व और सुरक्षा तंत्र की उच्च स्तरीय चौकसी का प्रत्यक्ष प्रमाण है। चावल की भूसी से लेकर बच्चों के टेलकम पाउडर की बोतलों तक में ड्रग्स छिपाने के नए हथकंडों को बेनकाब करके डीआरआई ने यह संदेश दिया है कि कानून की निगाहों से बचना संभव नहीं है। युवाओं के भविष्य को सुरक्षित रखने और भारत को नशामुक्त राष्ट्र बनाने की इस निर्णायक लड़ाई में केंद्रीय एजेंसियों और राज्य पुलिस का यह निरंतर समन्वय संगठित नार्को-टेररिज्म की रीढ़ तोड़ने में मील का पत्थर सिद्ध होगा।

Read More Here

आपको यह भी पसंद आ सकता है
Leave A Reply

Your email address will not be published.