Republic Day 2026: कर्तव्य पथ पर 10 हजार खास मेहमानों को न्योता, किसान, मजदूर, वैज्ञानिक और महिला उद्यमी होंगे शामिल
राष्ट्र निर्माण में योगदान देने वालों को मिलेगा सम्मान, परेड के अलावा पीएम संग्रहालय और नेशनल वॉर मेमोरियल का भी कराया जाएगा दौरा
Republic Day 2026: 77वें गणतंत्र दिवस 2026 के मौके पर दिल्ली के कर्तव्य पथ पर होने वाली भव्य परेड में करीब 10,000 खास मेहमानों को आमंत्रित किया गया है। ये मेहमान देश के विभिन्न क्षेत्रों से आते हैं और इन सभी ने राष्ट्र निर्माण में अपनी उत्कृष्ट भूमिका निभाई है। रक्षा मंत्रालय ने आधिकारिक बयान में कहा है कि इन मेहमानों को अपने जीवनसाथी के साथ कर्तव्य पथ पर होने वाली शानदार परेड देखने का अवसर दिया जाएगा। इस पहल का उद्देश्य राष्ट्र-निर्माण में योगदान देने वालों को सम्मानित करना और राष्ट्रीय महत्व की घटनाओं में जन भागीदारी को बढ़ावा देना है।
रक्षा मंत्रालय के अनुसार, ये खास मेहमान आय और रोजगार सृजन, सर्वश्रेष्ठ इनोवेटर्स, शोधकर्ताओं, स्टार्ट-अप्स, स्वयं सहायता समूहों और विभिन्न सरकारी योजनाओं के तहत बेहतरीन प्रदर्शन करने वालों के बीच से चुने गए हैं। इन्हें कर्तव्य पथ पर प्रमुख स्थान पर बैठने की व्यवस्था की गई है ताकि वे परेड का पूरा आनंद ले सकें।
किसान और मजदूर भी होंगे मेहमानों में शामिल
रक्षा मंत्रालय के बयान के अनुसार, इन 10,000 खास मेहमानों में किसान, मजदूर, पैरा एथलीट्स, वैज्ञानिक, लाखपति दीदियां, स्ट्रीट वेंडर्स और असंगठित श्रमिक शामिल हैं। प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना के तहत लाभान्वित स्ट्रीट वेंडर्स और प्रधानमंत्री श्रमयोगी मानधन योजना से जुड़े असंगठित श्रमिकों को भी इस भव्य आयोजन में आमंत्रित किया गया है।
आंगनवाड़ी कार्यकर्ता, जो जमीनी स्तर पर बच्चों और महिलाओं की सेवा में लगी हैं, गंगा सफाई मिशन के जल योद्धा, निर्माण कार्यकर्ता और माई भारत वॉलंटियर्स को भी सम्मानित करने के लिए बुलाया गया है। NDMA (राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण) के कार्यकर्ता, जो आपदा के समय देश की सेवा करते हैं, भी इस समारोह में शामिल होंगे।
उत्तर-पूर्वी क्षेत्र के विभिन्न योजनाओं के लाभार्थी, खादी विकास योजना और महिला कोयर योजना के तहत प्रशिक्षित महिला कारीगर भी इन मेहमानों में शामिल हैं। ये महिलाएं पारंपरिक कलाओं और शिल्पों को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।
Republic Day 2026: महिला उद्यमी और सरकारी योजनाओं के लाभार्थी
प्रधानमंत्री मुद्रा योजना से समर्थित महिला उद्यमियों को भी गणतंत्र दिवस परेड (Republic Day 2026) में विशेष स्थान दिया गया है। इन महिलाओं ने छोटे कारोबार शुरू करके न केवल अपना बल्कि अपने परिवार का भी जीवन बदला है। उनकी सफलता की कहानियां दूसरों के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं।
प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत घर पाने वाले लाभार्थी और जल जीवन मिशन से जुड़े लाभार्थी भी इस समारोह का हिस्सा बनेंगे। जल जीवन मिशन ने देश के करोड़ों घरों में स्वच्छ पेयजल पहुंचाने का काम किया है और इसके लाभार्थियों को सम्मानित करना सरकार की प्राथमिकता है।
लाखपति दीदियां, जो स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से आर्थिक रूप से सशक्त हुई हैं और अपनी वार्षिक आय लाख रुपये से अधिक कर चुकी हैं, उन्हें भी इस राष्ट्रीय समारोह में बुलाया गया है। ये महिलाएं ग्रामीण भारत में महिला सशक्तिकरण की मिसाल हैं।
‘मन की बात’ प्रतिभागी और अंतरराष्ट्रीय अतिथि

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘मन की बात’ कार्यक्रम में भाग लेने वाले लोग भी इन खास मेहमानों में शामिल हैं। ये वे लोग हैं जिन्होंने समाज में अनूठा और सराहनीय काम किया है और उनकी कहानियों को ‘मन की बात’ के माध्यम से देश के सामने लाया गया।
युवा आदान-प्रदान कार्यक्रम 2026 के विदेशी प्रतिनिधि, ग्लोबल बौद्ध समिट में शामिल होने वाले विभिन्न देशों के मठों के प्रतिनिधि और जूनियर इंटरनेशनल ऑलंपियाड ऑन एस्ट्रोनॉमी एंड एस्ट्रोफिजिक्स 2025 के पदक विजेता भी इन विशिष्ट मेहमानों में शामिल हैं।
इन युवा वैज्ञानिकों और शोधकर्ताओं ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत का नाम रोशन किया है। उन्हें गणतंत्र दिवस परेड (Republic Day 2026) में आमंत्रित करना इस बात का संकेत है कि देश अपने प्रतिभाशाली युवाओं को कितना महत्व देता है।
Republic Day 2026: परेड के अलावा अन्य व्यवस्थाएं
रक्षा मंत्रालय ने बताया कि परेड (Republic Day 2026) देखने के अलावा, इन मेहमानों के लिए नेशनल वॉर मेमोरियल, प्रधानमंत्री संग्रहालय और दिल्ली के अन्य प्रमुख स्थलों का दौरा कराने की व्यवस्था की गई है। नेशनल वॉर मेमोरियल में उन्हें देश के लिए शहीद हुए सैनिकों को श्रद्धांजलि अर्पित करने का अवसर मिलेगा।
प्रधानमंत्री संग्रहालय में भारत के सभी प्रधानमंत्रियों के योगदान और देश के विकास की यात्रा को देखा जा सकेगा। यह मेहमानों के लिए एक शैक्षिक और प्रेरणादायक अनुभव होगा। इसके अलावा, इन मेहमानों को संबंधित मंत्रियों से भी मिलने और बातचीत का मौका मिलेगा। यह उनके लिए अपनी समस्याएं, सुझाव और अनुभव सीधे सरकार के साथ साझा करने का एक महत्वपूर्ण अवसर होगा।
नई पहल – भारतीय नदियों के नाम पर बैठक स्थान
इस साल गणतंत्र दिवस समारोह (Republic Day 2026) में एक नई पहल के तहत बैठने की जगहों को भारतीय नदियों के नाम पर रखा गया है। गंगा, यमुना, ब्रह्मपुत्र, कावेरी, नर्मदा जैसी पवित्र और महत्वपूर्ण नदियों के नाम से दर्शकों के बैठने के खंडों को चिह्नित किया गया है।
यह पहल न केवल मेहमानों की सुविधा के लिए है बल्कि भारत की सांस्कृतिक और प्राकृतिक धरोहर को भी सम्मानित करती है। इससे सुरक्षा व्यवस्था में भी सुधार हुआ है क्योंकि लोगों को अपनी निर्धारित जगह ढूंढने में आसानी होगी।
Republic Day 2026: कड़ी सुरक्षा व्यवस्था
मेहमानों की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सुरक्षा व्यवस्था में कई महत्वपूर्ण बदलाव किए गए हैं। दिल्ली पुलिस ने कर्तव्य पथ और पूरे नई दिल्ली जिले में व्यापक, तकनीक आधारित सुरक्षा व्यवस्था लगा दी है। खुफिया एजेंसियों से मिले कई आतंकवाद संबंधी खतरे के इनपुट्स को देखते हुए यह कड़ी सुरक्षा की गई है। सीसीटीवी कैमरे, ड्रोन निगरानी, विस्फोटक पदार्थ का पता लगाने वाले उपकरण और सुरक्षाकर्मियों की कई परतें तैनात की गई हैं।
गणतंत्र दिवस (Republic Day 2026) से पहले संपूर्ण इलाके की गहन तलाशी ली गई है और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। मेहमानों के आने-जाने के लिए विशेष मार्ग और सुरक्षा प्रोटोकॉल तय किए गए हैं।
जन भागीदारी को बढ़ावा
इन 10,000 खास मेहमानों को आमंत्रित करने की पहल का मुख्य उद्देश्य राष्ट्रीय समारोहों में जन भागीदारी को बढ़ावा देना है। पहले गणतंत्र दिवस परेड में मुख्य रूप से सरकारी अधिकारी, विदेशी गणमान्य व्यक्ति और कुछ चुनिंदा लोग ही शामिल होते थे।
लेकिन अब सरकार का प्रयास है कि जमीनी स्तर पर काम करने वाले, देश के विकास में योगदान देने वाले साधारण नागरिकों को भी इस राष्ट्रीय उत्सव का हिस्सा बनाया जाए। यह एक लोकतांत्रिक और समावेशी दृष्टिकोण है जो हर नागरिक को सम्मान और महत्व देता है।
ये मेहमान अपने-अपने क्षेत्रों में लौटकर अपने अनुभव साझा करेंगे, जो दूसरों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगा। इससे राष्ट्रीय एकता और गौरव की भावना मजबूत होगी।
गणतंत्र दिवस 2026 (Republic Day 2026) का यह आयोजन न केवल एक औपचारिक समारोह होगा बल्कि देश के वास्तविक नायकों को सम्मानित करने और उनके योगदान को स्वीकार करने का एक माध्यम होगा।
Read More Here
कर्नाटक में अश्लील वीडियो कांड के बाद डीजीपी रामचंद्र राव निलंबित, आरोपों को बताया साजिश
तमिलनाडु में काणम पोंगल के दौरान गैस सिलेंडर विस्फोट, एक महिला की मौत और 18 घायल