महंगाई के बावजूद लखनऊ में टूटा खरीदारी का रिकॉर्ड, एक दिन में 2800 करोड़ रुपये का कारोबार

सोने-चांदी की रिकॉर्ड कीमतों के बावजूद धनतेरस पर लखनऊ के बाजारों में जबरदस्त रौनक रही।

0

Lucknow Dhanteras 2026: सोने-चांदी की ऐतिहासिक ऊंचाइयों और आसमान छूती कीमतों के बावजूद धनतेरस के पावन पर्व पर नवाबों के शहर लखनऊ में खरीदारी का नया कीर्तिमान स्थापित हुआ है। राजधानी के प्रमुख बाजारों—अमीनाबाद, चौक, हजरतगंज, आलमबाग, भूतनाथ और गोमती नगर में शुक्रवार सुबह से लेकर देर रात तक खरीदारों का तांता लगा रहा। ऑटोमोबाइल, सराफा, कपड़ा, इलेक्ट्रॉनिक्स, बर्तन, मिठाई और रियल एस्टेट सहित सभी प्रमुख वाणिज्यिक क्षेत्रों में अप्रत्याशित उछाल देखा गया। व्यापारिक संगठनों और उद्योग विशेषज्ञों के संकलित आकलन के अनुसार, धनतेरस के एक ही दिन में लखनऊ के खुदरा व थोक बाजार में करीब 2800 करोड़ रुपये का ऐतिहासिक कारोबार दर्ज किया गया।

Lucknow Dhanteras 2026: ₹1.44 लाख के पार सोना, फिर भी बिका 47 किलो गोल्ड

सराफा बाजार में धनतेरस पर धातु खरीदने की सदियों पुरानी धार्मिक परंपरा महंगाई पर भारी पड़ी। इस वर्ष 24 कैरेट सोने की दरें लगभग 1,44,500 रुपये प्रति 10 ग्राम के रिकॉर्ड स्तर तक पहुंच गईं, जबकि चांदी का भाव 1,92,000 रुपये प्रति किलोग्राम के स्तर पर रहा।

गत वर्ष की तुलना में 10 ग्राम सोने पर 12 हजार रुपये से अधिक तथा चांदी में लगभग 21 हजार रुपये प्रति किलोग्राम की वृद्धि दर्ज की गई थी। इसके उपरांत भी सराफा मंडियों में दिनभर पैर रखने की जगह नहीं रही। चौक सराफा एसोसिएशन के वरिष्ठ उपाध्यक्ष आदिश जैन के अनुसार, इस वर्ष शहर में लगभग 47 किलोग्राम सोने की खपत हुई, जबकि वर्ष 2025 में यह आंकड़ा 42 किलोग्राम था। चांदी की मांग में भारी उछाल दर्ज किया गया और कुल बिक्री 1050 किलोग्राम तक जा पहुंची, जो पिछले वर्ष 850 किलोग्राम थी।

कॉरपोरेट और बड़े राष्ट्रीय ज्वेलरी ब्रांड्स का कुल कारोबार लगभग 122 करोड़ रुपये आंका गया, जबकि पारंपरिक स्थानीय सराफा मंडियों को मिलाकर कुल ज्वेलरी व्यापार 190 से 200 करोड़ रुपये के स्तर को छू गया।

1.43 करोड़ की BMW कार और 16 लाख का कुंदन हार बिका

ऑटोमोबाइल सेक्टर में भी धनतेरस पर भारी उछाल देखा गया। दोपहिया वाहनों से लेकर प्रीमियम स्पोर्ट्स यूटिलिटी व्हीकल्स (SUV) और लग्जरी सेडान कारों की जमकर डिलीवरी हुई। परिवहन विभाग और ऑटो डीलर्स एसोसिएशन के आंकड़ों के अनुसार, एक ही दिन में राजधानी में 782 से अधिक वाहनों की आधिकारिक डिलीवरी पूरी की गई।

बाजार में सभी आय वर्गों के खरीदारों की मौजूदगी का प्रमाण तब मिला जब पुराने लखनऊ के एक प्रतिष्ठित ज्वेलरी शोरूम से एक ग्राहक ने 16 लाख रुपये मूल्य का पारंपरिक कुंदन पोल्की हार खरीदा। वहीं, ऑटोमोबाइल क्षेत्र में एक उद्योगपति ने लगभग 1.43 करोड़ रुपये की लग्जरी बीएमडब्ल्यू (BMW) कार की चाबी प्राप्त की।

रियल एस्टेट और गारमेंट्स सेक्टर में जमकर बरसा धन

धनतेरस के शुभ मुहूर्त पर संपत्तियों की खरीद-फरोख्त और गृह प्रवेश को अत्यंत शुभ माना जाता है। शहर के सब-रजिस्ट्रार कार्यालयों में देर शाम तक आवासीय फ्लैट, स्वतंत्र विला और व्यावसायिक प्लॉटों की रजिस्ट्री का सिलसिला चलता रहा। रियल एस्टेट सेक्टर में अकेले धनतेरस के दिन लगभग 410 करोड़ रुपये के सौदे और अग्रिम भुगतान दर्ज किए गए।

दीपावली पर्व और आगामी शादियों के लग्न को देखते हुए वस्त्र उद्योग में भी भारी मांग दर्ज हुई। बनारसी, चिकनकारी और सिल्क साड़ियों के साथ डिजाइनर परिधानों की खरीदारी से गारमेंट सेक्टर में करीब 300 करोड़ रुपये का टर्नओवर रहा। इसके अतिरिक्त dry fruits, मेवे, पारंपरिक मिठाइयों और गिफ्ट हैंपर्स के बाजार ने लगभग 350 करोड़ रुपये का व्यापार हासिल किया।

इलेक्ट्रॉनिक्स, गैजेट्स और बर्तनों की दुकानों पर ग्राहकों का सैलाब

गृहस्थी के नए उपकरणों की खरीदारी की परंपरा के चलते इलेक्ट्रॉनिक्स बाजार गुलजार रहा। 4K स्मार्ट टीवी, साइड-बाय-साइड रेफ्रिजरेटर, ऑटोमैटिक वाशिंग मशीन और किचन चिमनी की दुकानों पर ग्राहकों की लंबी कतारें देखी गईं। इलेक्ट्रॉनिक्स बाजार में कुल 350 करोड़ रुपये का कारोबार हुआ, जबकि मोबाइल फोन, लैपटॉप, टैबलेट और स्मार्टवॉच जैसे डिजिटल गैजेट्स की बिक्री से करीब 230 करोड़ रुपये का अतिरिक्त राजस्व उत्पन्न हुआ।

सगुण के रूप में बर्तन खरीदने की परंपरा के अंतर्गत पीतल के पारंपरिक दीये, पूजा की थालियां, तांबे के जग और आधुनिक स्टेनलेस स्टील के बर्तनों के बाजार में लगभग 160 करोड़ रुपये की शुद्ध बिक्री दर्ज की गई।

Lucknow Dhanteras 2026: क्षेत्रवार व्यापार का प्रमुख विभाजन (अनुमानित आंकड़े)

व्यापारिक क्षेत्र अनुमानित कारोबार (करोड़ रुपये में)
रियल एस्टेट (जमीन, फ्लैट, विला) ₹410 करोड़
ऑटोमोबाइल (दोपहिया व चार पहिया वाहन) ₹350 करोड़
कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स व होम अप्लायंसेज ₹350 करोड़
मिठाई, ड्राई फ्रूट्स व बेकरी ₹350 करोड़
टेक्सटाइल, रेडीमेड गारमेंट्स व परिधान ₹300 करोड़
मोबाइल फोन व डिजिटल गैजेट्स ₹230 करोड़
सराफा बाजार (सोना, चांदी, हीरे) ₹200 करोड़
स्टेनलेस स्टील, पीतल व तांबे के बर्तन ₹160 करोड़
फर्नीचर व होम डेकोर ₹150 करोड़
डेकोरेटिव लाइट्स, झालर व बिजली उपकरण ₹130 करोड़
पूजा सामग्री व हवन किट ₹120 करोड़
मिट्टी के दीये, खील, बताशे व चूरा ₹30 करोड़
हरित आतिशबाजी व पटाखा बाजार ₹20 करोड़

धनतेरस पर 2800 करोड़ रुपये के इस विशाल व्यापार ने न केवल खुदरा व्यापारियों के चेहरे पर चमक बिखेर दी है, बल्कि राज्य की आर्थिक गतिविधियों में सकारात्मक उपभोक्ता विश्वास का मजबूत संदेश दिया है। उद्योग जगत को विश्वास है कि यह तेजी आगामी नरक चतुर्दशी, दीपावली, गोवर्धन पूजा और भैया दूज के दिनों में भी निरंतर बनी रहेगी।

Read More Here

‘लइला पायल राजा पीतल के’ रिलीज, प्रतिभा राज की आवाज में दामिनी यादव और नील स्टार ने जमाया रंग

Anupama 7 November 2026: दिग्विजय ने प्रेरणा को दिया नौकरी का ऑफर, प्रेम ने जलाया अनुपमा का फॉर्म, परी को सताया मां बनने का डर

Gold Silver Price 7 November 2026: सोने-चांदी की कीमतों में हलचल, दिल्ली से लखनऊ तक 22 और 24 कैरेट गोल्ड के भाव

TE Connectivity India: ऑटो कंपोनेंट उत्पादन बढ़ाने की तैयारी, शिरवल प्लांट में होगा बड़ा विस्तार

आपको यह भी पसंद आ सकता है
Leave A Reply

Your email address will not be published.