INDIA Alliance Rally: 1 नवंबर को दिल्ली में ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ महारैली, 2 नवंबर को तेलंगाना में अमित शाह की पदयात्रा
SIR और कथित वोट चोरी के मुद्दे पर कांग्रेस की रैली के अगले दिन अमित शाह हैदराबाद में BJP की पदयात्रा में शामिल होंगे।
INDIA Alliance Rally 2026: देश की चुनावी प्रक्रिया, मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) और कथित ‘वोट चोरी’ के आरोपों को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच राजनीतिक टकराव चरम पर पहुंच गया है। कांग्रेस के नेतृत्व वाले विपक्षी गठबंधन ‘INDIA’ ने केंद्र सरकार और निर्वाचन आयोग के खिलाफ आर-पार की लड़ाई का ऐलान करते हुए 1 नवंबर 2026 को दिल्ली के ऐतिहासिक रामलीला मैदान में ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ जन मार्च एवं महारैली आयोजित करने की घोषणा की है। इस रैली के जरिए विपक्षी दल मतदाता सूची पुनरीक्षण पर रोक लगाने और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को राष्ट्रीय स्तर पर धार देंगे। दूसरी ओर, भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने विपक्ष के इन आरोपों को भ्रामक और निराधार करार देते हुए जवाबी मोर्चा खोल दिया है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह विपक्ष की महारैली के ठीक अगले दिन, यानी 2 नवंबर को तेलंगाना में भाजपा की विशाल पदयात्रा का नेतृत्व करेंगे।
INDIA Alliance Rally 2026: रामलीला मैदान से गूंजेगी विपक्ष की आवाज, खरगे और राहुल ने दिया ‘चलो दिल्ली’ का नारा
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पर वीडियो संदेश और पोस्ट जारी कर इस राष्ट्रव्यापी आंदोलन की रूपरेखा प्रस्तुत की है। खरगे ने आरोप लगाया कि विशेष गहन पुनरीक्षण प्रक्रिया के तहत सुनियोजित तरीके से नागरिकों के संवैधानिक मताधिकार पर प्रहार किया जा रहा है और स्वतंत्र संवैधानिक संस्थाएं सरकार के दबाव में कार्य कर रही हैं। उन्होंने त्योहारों के मौसम में बढ़ती कमरतोड़ महंगाई और बेरोजगारी का मुद्दा उठाते हुए आरोप लगाया कि जनता का ध्यान भटकाने के लिए लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं से समझौता किया जा रहा है।
वहीं, राहुल गांधी ने किसानों, छात्रों, युवाओं, महिलाओं और व्यापारियों से भारी संख्या में 1 नवंबर को रामलीला मैदान पहुंचने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि जब मतदाता सूची से नाम काटे जा रहे हों और सवाल पूछने पर लाठियां चलाई जा रही हों, तो देश की जनता को लोकतंत्र की रक्षा के लिए सड़कों पर उतरना ही होगा। कांग्रेस और उसके सहयोगी दलों का दावा है कि इस रैली में दिल्ली, उत्तर प्रदेश, हरियाणा, पंजाब और राजस्थान सहित विभिन्न राज्यों से लाखों कार्यकर्ता जुटेंगे।
तेलंगाना में अमित शाह का जवाबी पलटवार, ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ पदयात्रा
विपक्षी गठबंधन के इस शक्ति प्रदर्शन का मुकाबला करने के लिए भाजपा ने आक्रामक जवाबी रणनीति तैयार की है। तेलंगाना भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष एन. रामचंदर राव ने आधिकारिक रूप से स्पष्ट किया कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह 2 नवंबर को तेलंगाना में आयोजित होने वाली ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ पदयात्रा में व्यक्तिगत रूप से शामिल होंगे। भाजपा का आरोप है कि कांग्रेस और उसके सहयोगी दल अपनी राजनीतिक जमीन खिसकती देख देश भर में अराजकता, असंतोष और संस्थाओं के प्रति अविश्वास फैलाने का प्रयास कर रहे हैं। अमित शाह इस पदयात्रा के जरिए सीधे जनता के बीच पहुंचकर मतदाता सूची पुनरीक्षण की वैधानिक प्रक्रिया को स्पष्ट करेंगे और विपक्षी आरोपों की हवा निकालेंगे।
मतदाता सूची से 13 करोड़ नाम हटाने के आरोपों पर भाजपा के ठोस आंकड़े
कांग्रेस द्वारा मतदाता सूची से कथित तौर पर 13 करोड़ मतदाताओं के नाम हटाए जाने के दावों पर पलटवार करते हुए भाजपा ने श्रेणीवार आंकड़े सामने रखे हैं। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एन. रामचंदर राव ने कांग्रेस के दावों को सिरे से खारिज करते हुए कहा कि निर्वाचन आयोग द्वारा हटाए गए नामों में 2.8 करोड़ मृत मतदाता, करीब 3 करोड़ ऐसे लोग जो सत्यापन के दौरान संबंधित पते पर अनुपस्थित थे, 6.3 करोड़ स्थायी रूप से दूसरे शहरों या राज्यों में स्थानांतरित हो चुके नागरिक और लगभग 1 करोड़ वे नाम शामिल हैं जो एक से अधिक स्थानों पर डुप्लिकेट रूप में दर्ज थे।
राव ने तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी को खुली चुनौती दी कि वे अपने पैतृक गांव कोंडारेड्डीपल्ले में चलकर देखें कि क्या वास्तव में किसी एक भी वैध नागरिक का नाम काटा गया है। उन्होंने जोर देकर कहा कि यदि किसी पात्र मतदाता का नाम प्रक्रियात्मक त्रुटिवश छूटा है, तो चुनाव आयोग के नियमों के तहत आवेदन देकर उसे पुनः जुड़वाने का संवैधानिक विकल्प पूरी तरह खुला हुआ है।
तेलंगाना के स्थानीय संकट और जल किल्लत पर कांग्रेस सरकार को घेरा
मतदाता सूची के राष्ट्रीय विवाद के साथ-साथ भाजपा इस पदयात्रा के माध्यम से तेलंगाना की कांग्रेस सरकार को स्थानीय विफलताओं पर भी घेरने की तैयारी में है। भाजपा नेताओं ने आरोप लगाया कि कम वर्षा के चलते राज्य के 600 से अधिक मंडलों में से 300 से ज्यादा मंडलों में सूखे जैसी गंभीर स्थिति बन चुकी है, लेकिन राज्य सरकार जनसमस्याओं के समाधान के बजाय राजनीतिक बयानबाजी में उलझी हुई है।
हैदराबाद जैसे महानगर में हजारों पानी के टैंकरों की दैनिक बुकिंग का हवाला देते हुए भाजपा ने कहा कि राजधानी से लेकर ग्रामीण इलाकों तक गंभीर जल संकट मंडरा रहा है। भाजपा ने तंज कसा कि कांग्रेस नेतृत्व जमीनी मुद्दों से आंखें मूंदकर ऐसे नेतृत्व की ब्रांडिंग में जुटा है जिसे जनता बार-बार नकार चुकी है।
INDIA Alliance Rally 2026: नवंबर की शुरुआत में देश की सियासत में बड़े ध्रुवीकरण के आसार
दिल्ली के रामलीला मैदान में 1 नवंबर को होने वाली इंडिया गठबंधन की महारैली और उसके तुरंत बाद 2 नवंबर को हैदराबाद व तेलंगाना में अमित शाह के नेतृत्व में होने वाली भाजपा की पदयात्रा ने देश के राजनीतिक पारे को चरम पर पहुंचा दिया है। एक तरफ विपक्ष वोट की सुरक्षा, संवैधानिक संस्थाओं की स्वायत्तता और जनआंदोलन के जरिए सरकार को घेरने की रणनीति पर काम कर रहा है, तो दूसरी तरफ भाजपा चुनाव आयोग की शुद्धिकरण प्रक्रिया का बचाव करते हुए कांग्रेस के नैरेटिव को बेअसर करने में पूरी ताकत झोंक रही है। नवंबर के पहले सप्ताह में होने वाले ये दोनों बड़े सियासी घटनाक्रम देश की भावी राजनीतिक दिशा तय करने में बेहद निर्णायक साबित होंगे।
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