DCGI ने GLP-1 वजन घटाने वाली दवाओं पर कसा शिकंजा: बिना डॉक्टर सलाह के इस्तेमाल से थायरॉइड कैंसर, पैंक्रियाटाइटिस और हृदय रोग का खतरा, मधुमेह की दवाओं का ऑफ-लेबल उपयोग अब ऑनलाइन बिक्री पर सख्त निगरानी
DCGI ने वजन घटाने वाली GLP-1 दवाओं की बिक्री पर बढ़ाई निगरानी | बिना डॉक्टर सलाह के इस्तेमाल से थायरॉइड कैंसर और हार्ट रोग का खतरा
GLP-1 Drugs India: भारतीय औषधि महानियंत्रक यानी DCGI ने GLP-1 श्रेणी की वजन घटाने वाली दवाओं की बिक्री और प्रचार पर निगरानी कड़ी कर दी है। ये दवाएं मूल रूप से मधुमेह के उपचार के लिए बनाई गई हैं, लेकिन लोग इन्हें बिना डॉक्टर की सलाह के केवल मोटापा घटाने के लिए ऑनलाइन खरीद रहे हैं, जिससे थायरॉइड कैंसर, पैंक्रियाटाइटिस और गंभीर हृदय संबंधी दुष्प्रभावों के मामले सामने आ रहे हैं। पतला दिखने की चाहत में लोग जो शॉर्टकट अपना रहे हैं, वह उनकी जान पर भारी पड़ सकता है। देशभर में इन दवाओं को बिना किसी चिकित्सकीय परामर्श के इस्तेमाल करने का चलन खतरनाक रफ्तार से बढ़ रहा है।
GLP-1 drugs India: DCGI की सख्ती और GLP-1 दवाओं की कार्यप्रणाली
हाल के महीनों में GLP-1 क्लास की दवाओं की ऑनलाइन बिक्री और सोशल मीडिया पर अनियंत्रित प्रचार को लेकर DCGI ने गंभीर चिंता जताई है। GLP-1 यानी ‘ग्लूकागन लाइक पेप्टाइड 1’ एक प्राकृतिक हार्मोन है जो आंतों में भोजन के बाद स्रावित होता है। इस हार्मोन की नकल करने वाली दवाएं अग्नाशय से इंसुलिन का स्राव बढ़ाती हैं और रक्त में शर्करा को नियंत्रित करती हैं। इन दवाओं का एक दुष्प्रभाव यह है कि ये भूख को दबाती हैं, इसी कारण लोग इन्हें वजन घटाने के उपाय के रूप में इस्तेमाल करने लगे हैं, जो चिकित्सकीय निगरानी के बिना बेहद जोखिमपूर्ण है।
GLP-1 drugs India: विशेषज्ञों की चेतावनी और गंभीर स्वास्थ्य खतरे
देश के जाने-माने हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. अशोक सेठ ने चेतावनी देते हुए कहा है कि लोग इन दवाओं को केवल ‘कॉस्मेटिक उद्देश्य’ के लिए ऑनलाइन खरीद रहे हैं, जो कतई उचित नहीं है। इन दवाओं के दुष्प्रभावों की सूची लंबी और चिंताजनक है। पाचन तंत्र पर सीधे असर के अलावा, इनसे अग्नाशय (Pancreas) में सूजन और पित्ताशय की बीमारियां उत्पन्न हो सकती हैं। सबसे खतरनाक दुष्प्रभाव थायरॉइड कैंसर का बढ़ा हुआ जोखिम है। इसके अलावा, लगातार सिरदर्द, अत्यधिक उत्तेजना, नींद न आना और असामान्य रूप से बढ़ता रक्तचाप भी इसके लक्षणों में शामिल हैं।
GLP-1 drugs India: वजन का दोबारा बढ़ना और मांसपेशियों का नुकसान
यह समझना महत्वपूर्ण है कि इन दवाओं का सेवन बंद करने के बाद वजन तेजी से वापस बढ़ने लगता है। इसके साथ ही, इन दवाओं के अनियंत्रित सेवन से शरीर में प्रोटीन की कमी होती है और मांसपेशियां कमजोर पड़ने लगती हैं। इस प्रकार का वजन घटाना शरीर की आंतरिक संरचना को नुकसान पहुंचाता है और दीर्घकालिक रूप से स्वास्थ्य को कमजोर कर देता है। हृदय पर भी इनका प्रतिकूल प्रभाव देखा गया है, जिसमें धड़कन का तेज या अनियमित होना शामिल है, जो हृदय रोगियों के लिए जानलेवा हो सकता है।
GLP-1 drugs India: सुरक्षित वजन घटाने के उपाय और विशेषज्ञ सलाह
पोषण विशेषज्ञों के अनुसार, दवाओं के बजाय जीवनशैली में बदलाव वजन घटाने का सबसे सुरक्षित तरीका है। संतुलित आहार, नियमित व्यायाम और पर्याप्त नींद इसके मुख्य आधार हैं। यदि मोटापा किसी गंभीर बीमारी का रूप ले चुका है, तो केवल योग्य डॉक्टर की देखरेख में ही दवाएं लेनी चाहिए। स्वयं से कोई भी वजन घटाने की दवा लेना सेहत के साथ खिलवाड़ है। कई बैंक और स्वास्थ्य संस्थाएं भी अब ‘वेलनेस प्रोग्राम’ के जरिए सही मार्गदर्शन प्रदान कर रही हैं ताकि लोग इन खतरनाक शॉर्टकट से बच सकें।
निष्कर्ष और नियामक संदेश
वजन घटाने की चाहत में बिना डॉक्टर की सलाह के दवाओं का सेवन एक खतरनाक रास्ता है। DCGI की सख्ती इस दिशा में एक जरूरी कदम है। GLP-1 दवाएं एक चिकित्सकीय उपकरण हैं, न कि कोई सौंदर्य प्रसाधन। इनका उपयोग केवल विशेषज्ञ की निगरानी में ही सुरक्षित है। अपने शरीर को किसी विज्ञापन या इंटरनेट की सलाह पर जोखिम में न डालें, बल्कि स्वस्थ आदतों की नींव पर टिकाऊ बदलाव लाएं।
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