नवाजुद्दीन की यह फिल्म देखी तो रात को नींद उड़ जाएगी, OTT पर मौजूद है असली किलर की कहानी वीकेंड पर देखनी है कुछ हटकर तो यही है परफेक्ट चॉइस
नवाजुद्दीन की सुपरहिट साइको थ्रिलर OTT पर, असली सीरियल किलर की कहानी, देखी तो रोंगटे खड़े हो जाएंगे
Nawazuddin Siddiqui film: वीकेंड आते ही ओटीटी लवर्स के मन में एक ही सवाल उठता है कि आज क्या देखा जाए। सस्पेंस और थ्रिलर के दीवानों के लिए आज हम एक ऐसी फिल्म की सिफारिश लेकर आए हैं जो एक बार शुरू होने के बाद आपको स्क्रीन से हटने नहीं देगी। यह फिल्म न केवल दिमाग को झझकोर देती है बल्कि देखने के बाद भी इसके दृश्य आपके जेहन में घूमते रहते हैं। हम बात कर रहे हैं 2016 में रिलीज हुई ‘रमन राघव 2.O’ की, जो आईएमडीबी पर 7.3 की तगड़ी रेटिंग के साथ ओटीटी पर आज भी दर्शकों का दिल जीत रही है।
Nawazuddin Siddiqui film: अंधाधुन और दृश्यम से भी आगे है यह फिल्म
जब भी सस्पेंस थ्रिलर की बात होती है तो अंधाधुन और दृश्यम का नाम सबसे पहले जुबान पर आता है। लेकिन जो दर्शक वाकई में दिल दहला देने वाले सस्पेंस का अनुभव लेना चाहते हैं उनके लिए ‘रमन राघव 2.O’ एक अलग ही स्तर पर खड़ी है। इस फिल्म का सस्पेंस धीरे-धीरे इस तरह गहरा होता जाता है कि दर्शक खुद को कहानी से अलग नहीं कर पाते। 127 मिनट की यह साइको थ्रिलर हर फ्रेम में एक नया रोमांच लेकर आती है और क्लाइमैक्स तक पहुंचते-पहुंचते दर्शक का दिमाग पूरी तरह हिल जाता है।
Nawazuddin Siddiqui film: असली सीरियल किलर की जिंदगी पर बनी है यह फिल्म
‘रमन राघव 2.O’ की सबसे खास बात यह है कि यह किसी काल्पनिक कहानी पर नहीं बल्कि एक असली और खतरनाक सीरियल किलर पर आधारित है। रमन राघव का नाम सुनते ही मुंबई की पुरानी पीढ़ी के रोंगटे खड़े हो जाते हैं। 1960 के दशक में मुंबई की गलियों में रमन राघव नाम का यह शख्स मौत का पर्याय बन गया था। उसने रात के अंधेरे में फुटपाथ पर सोए बेसहारा लोगों को लोहे की छड़ से निर्दयतापूर्वक कुचल कर मार डाला था। 1968 में उसने अपनी हत्याओं का सिलसिला तेज कर दिया और कुल 40 से ज्यादा बेगुनाह लोगों की जान ले ली।
Nawazuddin Siddiqui film: इंडिया का जैक द रिपर कहलाता था रमन राघव
रमन राघव को उस दौर में मीडिया और पुलिस ने “इंडिया का जैक द रिपर” नाम दिया था। उसकी हत्याओं का तरीका इतना क्रूर और योजनाबद्ध था कि पुलिस भी उसे पकड़ने में लंबे समय तक नाकाम रही। जांच में पता चला कि रमन राघव पैरानॉयड स्किजोफ्रेनिया नामक गंभीर मानसिक बीमारी से पीड़ित था। इसी मानसिक अवस्था के चलते जब उसे मौत की सजा सुनाई गई तो बाद में उसे उम्रकैद में तब्दील कर दिया गया। साल 1995 में पुणे की यरवदा जेल में उसकी मौत हो गई। इस असली और रोंगटे खड़े कर देने वाली कहानी को निर्देशक अनुराग कश्यप ने बड़े पर्दे पर एक नए अंदाज में पेश किया।
Nawazuddin Siddiqui film: नवाजुद्दीन ने किया ऐसा अभिनय कि देखने वाले कांप उठे
फिल्म में नवाजुद्दीन सिद्दीकी ने रमन नाम के साइको किलर का किरदार इस कदर जीवंत कर दिया कि दर्शक असली और काल्पनिक की सीमा भूल गए। उनकी आंखों में झांकती खालीपन और होठों पर तैरती रहस्यमय मुस्कान दर्शकों को असहज कर देती है। नवाजुद्दीन ने इस किरदार के लिए जो मेहनत की वह पर्दे पर साफ दिखती है। उनके साथ इस फिल्म में विक्की कौशल ने एसीपी राघवन की भूमिका निभाई है। यह वह दौर था जब विक्की कौशल बॉलीवुड में अपनी जगह बनाने की कोशिश कर रहे थे और इस फिल्म ने उनकी प्रतिभा को सबके सामने रखा। शोभिता धुलिपाला भी फिल्म में एक अहम किरदार में नजर आती हैं।
Nawazuddin Siddiqui film: चूहे और बिल्ली का खेल है पूरी कहानी
फिल्म की कहानी दो किरदारों के इर्द-गिर्द घूमती है। एक तरफ है रमन, जो एक के बाद एक निर्दोष लोगों को अपना शिकार बनाता जाता है और दूसरी तरफ है राघवन, जो उसे पकड़ने के लिए दिन-रात एक किए हुए है। कहानी में सबसे बड़ा मोड़ तब आता है जब रमन खुद पुलिस के सामने सरेंडर कर देता है और अपने 9 कत्लों का इकबाल करता है। उसे जेल भेज दिया जाता है लेकिन वह वहां से फरार हो जाता है। जेल से निकलते ही वह अपनी बहन, जीजा और भांजे को बेरहमी से मौत के घाट उतार देता है। इसके बाद वह एक बार फिर अपने खूनी खेल में जुट जाता है।
Nawazuddin Siddiqui film: क्लाइमैक्स में होता है सबसे बड़ा खुलासा
फिल्म का क्लाइमैक्स वह हिस्सा है जो दर्शकों को सबसे ज्यादा चौंकाता है। रमन की नजर राघवन की प्रेमिका सिमी पर पड़ती है और वह उसके घर तक पहुंच जाता है। यहां वह दोनों के बीच के रिश्ते को जान लेता है और तभी पुलिस मौके पर पहुंचती है जिससे वह किसी तरह बच निकलता है। अंत में जब रमन और राघवन आमने-सामने होते हैं तो रमन एक ऐसी बात कहता है जो दर्शकों के होश उड़ा देती है। वह दावा करता है कि राघवन भी उसी की तरह एक साइको है, बस दोनों के तरीके अलग-अलग हैं। यह क्लाइमैक्स देखने वाले को काफी देर तक सोचने पर मजबूर कर देता है।
Nawazuddin Siddiqui film: कहां देखें यह फिल्म
अगर आप इस वीकेंड कुछ ऐसा देखना चाहते हैं जो आपको झकझोर दे तो ‘रमन राघव 2.O’ आपके लिए एकदम सही विकल्प है। यह फिल्म इस वक्त जी5 और नेटफ्लिक्स दोनों प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध है। आईएमडीबी पर 7.3 की रेटिंग यह बताती है कि दस साल बाद भी इस फिल्म का जादू दर्शकों के सिर पर चढ़कर बोलता है। सस्पेंस थ्रिलर के सच्चे दीवानों के लिए यह फिल्म एक अनुभव है जिसे एक बार जरूर लेना चाहिए।
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