नवी मुंबई में ‘हिंद दी चादर’ का भव्य आयोजन,-28 फरवरी और 1 मार्च को खारघर में जुटेंगे 20 लाख श्रद्धालु, PM मोदी करेंगे संबोधित

गुरु तेग बहादुर की 350वीं शहादत पर खारघर में 28 फरवरी-1 मार्च को भव्य समागम, PM मोदी वीडियो संबोधन

0

Mumbai News:  नौवें सिख गुरु, गुरु तेग बहादुर की 350वीं शहादत वर्षगांठ के अवसर पर नवी मुंबई के खारघर में एक ऐतिहासिक और भव्य धार्मिक आयोजन होने जा रहा है। महाराष्ट्र सरकार के अल्पसंख्यक विकास विभाग एवं शहीदी समागम राज्य समन्वय समिति के संयुक्त तत्वावधान में 28 फरवरी और 1 मार्च 2026 को खारघर के ओवे मैदान में हिंद दी चादर कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। इस विशाल धार्मिक समागम में देशभर से 18 से 20 लाख श्रद्धालुओं के शामिल होने की उम्मीद है। कोंकण डिवीजन के डिविजनल कमिश्नर रामेश्वर नाईक ने इस आयोजन की पूरी जानकारी साझा की है।

Mumbai News: PM मोदी समेत देश के दिग्गज नेता होंगे शामिल

इस भव्य शहीदी समागम में देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दूरदृश्य प्रणाली यानी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए उपस्थित जनसमूह को संबोधित करेंगे। इसके अलावा केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और महाराष्ट्र के राज्यपाल आचार्य देवव्रत भी इस कार्यक्रम में उपस्थित रहेंगे। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा अजित पवार भी समागम में शिरकत करेंगे।

इसके साथ ही जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा, गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्रभाई पटेल, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, गोवा के मुख्यमंत्री डॉ. प्रमोद सावंत, हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी, मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव, राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की भी उपस्थिति रहेगी। तमिलनाडु के भाजपा नेता अण्णामलाई, योग गुरु बाबा रामदेव, धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री और साध्वी ऋतंभरा भी इस अवसर पर मौजूद रहेंगी।

Mumbai News: संत समाज का भी होगा भव्य जमावड़ा

इस आयोजन में सिर्फ राजनीतिक हस्तियां ही नहीं बल्कि विभिन्न सामाजिक और धार्मिक समुदायों के प्रतिनिधि भी बड़ी संख्या में भाग लेंगे। सिख, सिकलीगर, बंजारा, लबाना, मोहयाल, सिंधी, वाल्मीकि, उदासीन तथा भगत नामदेव संप्रदाय के संत और रागी जत्थेदार इस समागम को और भव्य बनाएंगे। यह आयोजन भारत की विविधता में एकता का एक सुंदर उदाहरण बनेगा जिसमें विभिन्न समुदाय एकजुट होकर गुरु तेग बहादुर के बलिदान को नमन करेंगे।

Mumbai News: क्या है कार्यक्रम का मकसद?

इस विशाल समागम का मुख्य उद्देश्य गुरु तेग बहादुर के शौर्य, धर्म की स्वतंत्रता, मानवता और न्याय के मूल्यों का संदेश नई पीढ़ी तक पहुंचाना है। गुरु तेग बहादुर ने हिंदू धर्म और मानवता की रक्षा के लिए अपने प्राण न्योछावर किए थे। उनके इस अद्वितीय बलिदान को याद करते हुए यह कार्यक्रम पूरे देश में सांप्रदायिक सौहार्द और राष्ट्रीय एकता का संदेश फैलाएगा। इससे पहले इस अभियान के तहत 7 दिसंबर 2025 को नागपुर में और 24 तथा 25 जनवरी 2026 को नांदेड़ में भी सफल कार्यक्रम आयोजित किए जा चुके हैं।

Mumbai News: 27 फरवरी को होगा नगर कीर्तन

मुख्य समागम से एक दिन पहले यानी 27 फरवरी 2026 को नगर कीर्तन का आयोजन किया जाएगा। यह नगर कीर्तन पूरे खारघर और नवी मुंबई में आध्यात्मिक वातावरण बनाने का काम करेगा और श्रद्धालुओं को समागम के लिए मानसिक और आध्यात्मिक रूप से तैयार करेगा। गुरबाणी के पाठ और कीर्तन की गूंज से पूरा वातावरण भक्तिमय हो जाएगा।

Mumbai News: विशाल आयोजन के लिए जबरदस्त तैयारी

इतने बड़े जनसमागम के लिए प्रशासन ने बेहद विस्तृत और व्यापक तैयारियां की हैं। मुख्य मंडप में 80,000 से एक लाख श्रद्धालुओं के बैठने की क्षमता होगी। श्रद्धालुओं की आवाजाही को सुगम बनाने के लिए 150 से अधिक विशेष एनएमएमटी बस सेवाएं चलाई जाएंगी। पार्किंग की सुविधा के लिए 38 स्थान चिन्हित किए गए हैं और तीन विशेष हेलिपैड भी तैयार किए गए हैं जो वीवीआईपी मेहमानों के लिए उपयोग में लाए जाएंगे।

25,000 लोगों के लिए आवास की व्यवस्था की गई है। साफ-सफाई के लिए 1000 से अधिक अस्थायी शौचालय और 500 से ज्यादा स्वच्छता कर्मचारियों की तैनाती की जाएगी। भव्य लंगर मंडप भी तैयार किया गया है जहां आने वाले हर श्रद्धालु को प्रसाद और भोजन मिलेगा। इस पूरे आयोजन में 10,000 से अधिक स्वयंसेवक अपनी सेवाएं देंगे।

Mumbai News: स्वास्थ्य सेवाओं का भी पूरा इंतजाम

इतनी बड़ी भीड़ को देखते हुए स्वास्थ्य सुविधाओं पर भी विशेष ध्यान दिया गया है। कार्यक्रम स्थल पर 300 से अधिक डॉक्टर और पैरामेडिकल कर्मचारी तैनात किए जाएंगे। 15 से अधिक अस्थायी चिकित्सा केंद्र और एक अस्थायी आईसीयू केंद्र भी स्थापित किया जाएगा। इसके अलावा नजदीकी अस्पतालों में 350 बेड आरक्षित रखे जाएंगे और 75 आईसीयू बेड भी विशेष रूप से इस कार्यक्रम के लिए रिजर्व रहेंगे। कार्यक्रम में कोई भी स्वास्थ्य संबंधी आपात स्थिति उत्पन्न होने पर तुरंत इलाज मिल सके, इसके लिए पूरी व्यवस्था सुनिश्चित की गई है।

Mumbai News: ऐतिहासिक महत्व का यह आयोजन

गुरु तेग बहादुर ने 1675 में दिल्ली में धर्म की रक्षा के लिए बलिदान दिया था। उन्होंने हिंदुओं को जबरन इस्लाम में धर्मांतरित किए जाने के खिलाफ आवाज उठाई और अपनी जान देकर धार्मिक स्वतंत्रता की रक्षा की। इसीलिए उन्हें हिंद की चादर कहा जाता है।

read more here

तेलंगाना में सरकारी कर्मचारियों की बंपर सैलरी, इंजीनियर को ₹7 लाख और सफाई कर्मचारी को ₹2 लाख मासिक वेतन, 2014 से चार गुना बढ़ा खर्च

झारखंड नगर निकाय चुनाव 2026 के नतीजे आज,- पार्षदों की किस्मत का होगा फैसला, कल पता चलेगा कौन बनेगा महापौर

NPS वात्सल्य योजना में बड़ा बदलाव, PFRDA ने 100% इक्विटी निवेश की दी अनुमति, बच्चों का पेंशन कॉर्पस तेजी से बढ़ेगा, डेटा शेयरिंग से फंड मैनेजर बनाएंगे बेहतर रणनीति

NPS वात्सल्य योजना में बड़ा बदलाव, PFRDA ने 100% इक्विटी निवेश की दी अनुमति, बच्चों का पेंशन कॉर्पस तेजी से बढ़ेगा, डेटा शेयरिंग से फंड मैनेजर बनाएंगे बेहतर रणनीति

आपको यह भी पसंद आ सकता है
Leave A Reply

Your email address will not be published.