Delhi News: दिल्ली-NCR में LPG-PNG संकट हुआ और गहरा, 4 लाख PNG उपभोक्ता और 35 हजार MSME इकाइयां प्रभावित, दिल्ली के 50 हजार होटल-रेस्टोरेंट पर संकट

4 लाख PNG उपभोक्ता प्रभावित, 50 हजार होटल संकट में; ब्लैक में 5000 रु सिलेंडर

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Delhi News: ईरान-अमेरिका युद्ध के कारण होर्मुज जलडमरूमध्य से गैस आपूर्ति बाधित होने का असर अब दिल्ली-NCR में भी जोरदार तरीके से महसूस होने लगा है। पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय के ताजा दिशा-निर्देशों के बाद जिला प्रशासन ने कमर्शियल एलपीजी सिलेंडरों के वितरण पर पूरी तरह रोक लगा दी है। इससे ग्रेटर नोएडा में करीब चार लाख से अधिक PNG यानी पाइप्ड नेचुरल गैस कनेक्शन धारकों और 35 हजार से ज्यादा MSME इकाइयों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। दिल्ली में 50,000 से अधिक होटल, रेस्टोरेंट और पब का संचालन प्रभावित हो रहा है। गोदामों के बाहर लंबी लाइनें लगने लगी हैं और ब्लैक मार्केट में कमर्शियल सिलेंडर 3,500 से 5,000 रुपये तक में बिक रहा है।

क्यों रोकी गई कमर्शियल LPG की सप्लाई?

वैश्विक स्तर पर पश्चिम एशिया में जारी युद्ध और आपूर्ति श्रृंखला में आए व्यवधान के कारण देश में एलपीजी की कमी का खतरा मंडरा रहा है। पेट्रोलियम मंत्रालय ने घरेलू उपभोक्ताओं को प्राथमिकता देते हुए कमर्शियल उपयोग के लिए सिलेंडरों की आपूर्ति पर अस्थायी रोक लगाने के निर्देश जारी किए हैं। साथ ही सरकार ने आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 यानी ECA भी लागू कर दिया है जिसके तहत रिफाइनरियों को अपनी गैस का उपयोग केवल एलपीजी उत्पादन के लिए करना होगा न कि पेट्रोकेमिकल उत्पादों के लिए।

इस फैसले के तहत गौतमबुद्ध नगर में जिला पूर्ति अधिकारी ने सभी गैस एजेंसियों को कमर्शियल सिलेंडर की रिफिलिंग और वितरण पर रोक लगा दी है। केवल अस्पतालों, सरकारी संस्थानों, शैक्षणिक संस्थानों और कुछ चुनिंदा आपातकालीन सेवाओं को इस रोक से छूट दी गई है।

Delhi News: ग्रेटर नोएडा में किसे पड़ रही सबसे ज्यादा मार?

प्रभावित क्षेत्र संख्या समस्या
PNG कनेक्शन धारक 4 लाख+ बड़े पैमाने की कमर्शियल खपत बाधित
MSME इकाइयां 35,000+ उत्पादन आंशिक रूप से बंद
पैकेजिंग उद्योग अनेक LPG और PNG दोनों पर निर्भर
फूड प्रोसेसिंग अनेक कमर्शियल गैस नहीं मिल रही
कैटरिंग यूनिट्स सैकड़ों ब्लैक मार्केट से गैस लेने को मजबूर
मैन्युफैक्चरिंग अनेक आंशिक बंदी, निर्यात आदेश खतरे में

IBA गौतमबुद्ध नगर के अध्यक्ष अमित उपाध्याय ने बताया कि दो दिनों से कई स्थानों पर एलपीजी सिलेंडर की आपूर्ति बाधित है। इसके कारण कई फैक्ट्रियां आंशिक रूप से बंद हैं और कई इकाइयां बंद होने की कगार पर आ गई हैं।

फोर्जिंग इकाइयां बंद, निर्यात आदेश खतरे में

गाजियाबाद की औद्योगिक इकाइयों पर भी इस संकट की मार पड़ रही है। एलपीजी पर निर्भर एक फोर्जिंग इकाई ने गैस आपूर्ति बंद होने के बाद उत्पादन पूरी तरह रोक दिया है। IGL ने PNG इकाइयों से खपत कम करने की अपील की है। कई निर्यातक इकाइयां संकट में हैं जिससे उनके निर्यात आदेश खतरे में पड़ गए हैं। एक तरफ खाड़ी युद्ध के कारण निर्यात बाजार वैसे भी बंद हो रहा है और दूसरी तरफ उत्पादन भी ठप हो रहा है जो दोहरी मार है।

Delhi News: 50,000 होटल-रेस्टोरेंट परेशान, खाने के दाम बढ़े

दिल्ली में कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की कमी से 50,000 से अधिक रेस्टोरेंट, पब और होटलों का संचालन बुरी तरह प्रभावित हुआ है। कुछ रेस्टोरेंट दूसरे रेस्टोरेंट से कुकिंग गैस उधार ले रहे हैं। कई प्रतिष्ठान ब्लैक मार्केट से गैस खरीदकर किसी तरह काम चला रहे हैं। इसकी बढ़ी हुई लागत का बोझ उपभोक्ताओं पर पड़ रहा है और कई रेस्टोरेंट ने खाने-पीने की चीजों के दाम बढ़ा दिए हैं।

सलूजा कैटरर्स के चरनजीत सिंह सलूजा ने बताया कि कमर्शियल सिलेंडर की किल्लत शुरू होते ही कालाबाजारी भी शुरू हो गई। बड़े वितरकों के पास स्टॉक खत्म हो गए हैं और बाजार में कमर्शियल सिलेंडर 3,500 से 5,000 रुपये में बिक रहा है जो सामान्य कीमत से कई गुना ज्यादा है।

पूरे NCR में फैला संकट – लखनऊ-भागलपुर-MP तक असर

यह संकट सिर्फ दिल्ली-NCR तक सीमित नहीं है। लखनऊ में दो से तीन दिन बाद भी सिलेंडर नहीं पहुंच रहा और एजेंसियों पर लोगों की लंबी कतारें लगी हुई हैं। भागलपुर में होम डिलीवरी में ब्लैकमेल की शिकायतें आ रही हैं। मध्य प्रदेश के कई शहरों में कमर्शियल LPG सप्लाई बंद है और घरेलू गैस की चिंता भी बढ़ रही है। मुजफ्फरपुर में गैस के लिए वेटिंग पीरियड 25 दिन हो गया है। यानी उत्तर से लेकर मध्य भारत तक हर जगह एक जैसा हाल है।

Delhi News: प्रशासन की कार्रवाई और सलाह

गौतमबुद्ध नगर जिला प्रशासन ने स्थिति पर नजर रखने के लिए एडीएम वित्त एवं राजस्व अतुल कुमार की अगुआई में एक विशेष निगरानी टीम गठित की है। यह टीम आपातकालीन सेवाओं को प्राथमिकता देते हुए स्थिति की निगरानी कर रही है।

प्रभारी पूर्ति अधिकारी स्मृति गौतम ने बताया कि यह रोक अस्थायी है और वैश्विक आपूर्ति सामान्य होने पर स्थिति सुधर जाएगी। PNG उपभोक्ताओं को सलाह दी गई है कि वे बिजली आधारित उपकरण, इंडक्शन कुकर या अन्य वैकल्पिक ईंधन का उपयोग करें और अनावश्यक खपत से बचें।

ऑल इंडिया LPG डिस्ट्रीब्यूटर्स फेडरेशन के एग्जीक्यूटिव प्रेसिडेंट पी. एन. सेठ ने कहा कि यह दिक्कत कुछ ही दिनों तक रहेगी और रूस से सप्लाई शुरू होते ही स्थिति सामान्य हो जाएगी। रिलायंस इंडस्ट्रीज ने भी अपनी जामनगर रिफाइनरी में एलपीजी उत्पादन बढ़ाने की घोषणा की है। लेकिन जब तक होर्मुज का संकट हल नहीं होता और आयातित गैस की आपूर्ति दोबारा सुचारू नहीं होती तब तक दिल्ली-NCR के उद्योगों और आम उपभोक्ताओं को धैर्य रखना होगा।

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