BMC Mayor: 11 फरवरी को तय होगा BJP या शिवसेना में से कौन बनेगा मुंबई का नया मेयर

BMC मेयर चुनाव 11 फरवरी को, महिला आरक्षित पद। BJP (89 सीटें) + शिंदे शिवसेना (29) के पास 118 सीटें, बहुमत 114। कौन बनेगी नई मेयर?

0

BMC Mayor: बृहन्मुंबई महानगरपालिका के चुनाव के लगभग एक महीने बाद मुंबई को 11 फरवरी को नया मेयर मिल जाएगा। हालांकि यह अब तक स्पष्ट नहीं है कि मेयर भाजपा का होगा या शिवसेना शिंदे गुट का। मेयर का पद इस बार सामान्य वर्ग की महिला पार्षद के लिए आरक्षित किया गया है जिससे कोई महिला ही इस प्रतिष्ठित पद पर आसीन होगी।

नामांकन और चुनाव की तिथियां

अधिकारियों ने बताया कि मेयर पद के लिए पात्र उम्मीदवार 7 फरवरी को नामांकन पत्र दाखिल कर सकते हैं। नामांकन वापस लेने की अंतिम तिथि 11 फरवरी है और उसी दिन दोपहर 12 बजे मुंबई के 78वें मेयर के लिए चुनाव होंगे। एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि 15 जनवरी को हुए चुनावों में चुने गए सभी 227 पार्षदों का रजिस्ट्रेशन पूरा हो गया है।

यह प्रक्रिया पारदर्शी तरीके से संपन्न कराई जाएगी और सभी नियमों का पालन किया जाएगा। चुनाव की तैयारियां पूरी हो चुकी हैं और सभी पक्ष अपनी रणनीति पर काम कर रहे हैं।

BMC Mayor: चुनाव परिणाम और सीट वितरण

बीएमसी में कुल 227 वार्ड हैं। 15 जनवरी को हुए चुनाव में भाजपा ने सबसे अधिक 89 सीटें जीती हैं जबकि उसकी सहयोगी शिंदे गुट की शिवसेना को 29 सीटों पर जीत मिली है। इस तरह भाजपा-शिंदे सेना के गठबंधन ने कुल 118 सीटों पर जीत हासिल की है।

मुंबई महानगरपालिका चुनाव के लिए 15 जनवरी को मतदान हुआ था और 16 जनवरी को वोटों की गिनती हुई थी। शिवसेना उद्धव ठाकरे गुट को 65 सीटें मिली हैं जबकि राज ठाकरे की मनसे को केवल 6 सीटों पर ही जीत मिली है।

बहुमत का आंकड़ा पार

बीएमसी में मेयर चुनने के लिए बहुमत का आंकड़ा 114 है जिसे शिवसेना शिंदे और भाजपा गठबंधन ने आसानी से पार कर लिया है। 118 सीटों के साथ यह गठबंधन स्पष्ट बहुमत में है और अपने उम्मीदवार को मेयर बना सकता है।

हालांकि अब तक यह फाइनल नहीं हुआ है कि मेयर बीजेपी का होगा या शिवसेना शिंदे गुट का। दोनों दल आपसी समन्वय के साथ इस मुद्दे को सुलझाने की कोशिश कर रहे हैं।

BMC Mayor: पार्टी नेताओं का चयन

भाजपा ने बीएमसी में अपने सीनियर नेता गणेश खंकर को party का नेता नियुक्त किया है। वहीं शिवसेना शिंदे गुट ने अमय घोले को अपनी पार्टी का नेता चुना है। ये दोनों नेता अपनी-अपनी पार्टियों की ओर से महत्वपूर्ण निर्णय लेने में भूमिका निभाएंगे।

पार्टी नेताओं के चयन से यह संकेत मिलता है कि दोनों दल मेयर पद के लिए गंभीर हैं और अपनी दावेदारी मजबूत करना चाहते हैं।

महिला आरक्षण का महत्व

इस बार मेयर पद सामान्य वर्ग की महिला के लिए आरक्षित होने से महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा मिलेगा। मुंबई जैसे महानगर में किसी महिला का मेयर बनना एक महत्वपूर्ण उपलब्धि होगी। यह महिलाओं की नेतृत्व क्षमता को दर्शाएगा और आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का काम करेगा।

दोनों गठबंधन दलों को अब यह तय करना है कि वे किस महिला पार्षद को मेयर पद के लिए आगे रखेंगे। यह निर्णय न केवल राजनीतिक बल्कि सामाजिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण होगा।

BMC Mayor: गठबंधन में समझदारी

भाजपा और शिवसेना शिंदे गुट महाराष्ट्र में सत्तारूढ़ महायुति गठबंधन के प्रमुख घटक हैं। राज्य स्तर पर दोनों दलों के बीच अच्छा तालमेल है। मुंबई में भी दोनों दल मिलकर काम करना चाहते हैं।

हालांकि मेयर पद को लेकर दोनों दलों में प्रतिस्पर्धा स्वाभाविक है। दोनों अपनी-अपनी उम्मीदवार को आगे रखना चाहते हैं। लेकिन गठबंधन धर्म को ध्यान में रखते हुए आपसी समझदारी से निर्णय लिया जाएगा।

विपक्ष की स्थिति

शिवसेना उद्धव ठाकरे गुट को 65 सीटें मिली हैं जो बहुमत से काफी कम हैं। मनसे की केवल 6 सीटें हैं। ऐसे में विपक्ष की स्थिति कमजोर है और वे मेयर चुनाव में ज्यादा प्रभाव नहीं डाल सकते।

हालांकि विपक्ष नगर निगम के कामकाज में अपनी भूमिका निभाएगा और जनता के मुद्दों को उठाता रहेगा। विपक्ष की जिम्मेदारी सत्तारूढ़ दल पर निगरानी रखने की होगी।

BMC Mayor: मुंबई के विकास की उम्मीदें

नए मेयर से मुंबई की जनता को बहुत उम्मीदें हैं। मुंबई भारत की आर्थिक राजधानी है और यहां के विकास का राष्ट्रीय महत्व है। नए मेयर को बुनियादी ढांचे, स्वच्छता, यातायात और अन्य शहरी समस्याओं पर काम करना होगा।

महिला मेयर से यह उम्मीद की जा रही है कि वह महिलाओं और बच्चों से जुड़े मुद्दों पर विशेष ध्यान देंगी। मुंबई को एक आधुनिक, स्वच्छ और सुरक्षित शहर बनाना प्राथमिकता होनी चाहिए।

11 फरवरी को होने वाला यह चुनाव मुंबई की राजनीति में एक महत्वपूर्ण मोड़ साबित हो सकता है।

Read More Here

Gold-Silver Price Today: सोने-चांदी की कीमतों में लौटी रौनक, भारी गिरावट के बाद लगातार दूसरे दिन जोरदार रिकवरी

SIR in West Bengal: SIR मामले में सुप्रीम कोर्ट में आज ममता बनर्जी का वकील अवतार, खुद रख सकती हैं अपना पक्ष

Aaj Ka Rashifal 4 Feb 2026: तुला को धन लाभ, कुंभ का खुशियों भरा दिन, जानें सभी राशियों का हाल

Delhi News: दिल्ली में ‘फ्री सिलेंडर’ योजना को कैबिनेट की मंजूरी, रेखा गुप्ता सरकार का बड़ा ऐलान, 17 लाख परिवारों की होगी चांदी

आपको यह भी पसंद आ सकता है
Leave A Reply

Your email address will not be published.